फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   GDA sends notice to Water Park partners authorization will hear side after HC order

वाटर पार्क: GDA ने साझेदारों को भेजा नोटिस, HC के आदेश के बाद सभी पक्ष सुनेगा प्राधिकरण

Sun, 16 Feb 2020 03:47 AM IST
vivek shukla अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर Published by: vivek shukla Updated Sun, 16 Feb 2020 03:47 AM IST
विज्ञापन
GDA sends notice to Water Park partners authorization will hear side after HC order
कोर्ट। (File) - फोटो : अमर उजाला।

उच्च न्यायालय इलाहाबाद के आदेश के क्रम में गोरखपुर विकास प्राधिकरण (जीडीए) के उपाध्यक्ष ने पक्ष सुनने के लिए वाटर पार्क नीर निकुंज के रोहित अग्रवाल समेत सभी आठ साझेदारों को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है। जवाब देने के लिए 24 फरवरी को शाम चार बजे तक का मौका दिया गया है।

विज्ञापन


प्राधिकरण ने साझेदारों को वाटर पार्क के अनुबंध की शर्तों समेत कुल 15 बिंदुओं पर स्पष्टीकरण देने को कहा है। साथ ही हिदायत दी है कि तय समय के भीतर जवाब नहीं देने पर यह मान लिया जाएगा कि साझेदारों को इस मामले में कुछ नहीं कहना है और उनकी पर्याप्त सुनवाई की जा चुकी है।
विज्ञापन


12 एकड़ में फैले चंपा देवी पार्क में 14 साल से संचालित हो रहे वाटर पार्क का जीडीए ने आठ नवंबर 2019 को अनुबंध निरस्त कर दिया था। पूर्व जीडीए उपाध्यक्ष ए. दिनेश कुमार की तरफ  से की गई इस कार्रवाई के  खिलाफ वाटर पार्क के साझेदारों ने अपनी फर्म केआर एम्यूजमेंट एंड रिसोर्ट्स की तरफ से हाई कोर्ट में याचिका दाखिल की थी।
विज्ञापन
विज्ञापन


छह दिसंबर 2019 को कोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हुए जीडीए को सभी साझेदारों का पक्ष सुनने के बाद ही इस मामले में कार्रवाई करने का आदेश दिया था। इसी क्रम में जीडीए उपाध्यक्ष अनुज सिंह ने सभी को नोटिस दिया है।

अनुबंध की शर्तें तोड़ने के आरोप में निरस्त हुआ था करार

जीडीए और मेसर्स केआर एम्यूजमेंट एंड रिसोर्ट्स के बीच 28 अक्तूबर 2005 को करार हुआ था। इस करार से संबंधित पूरक करार 19 अक्तूबर 2007 को हुआ था। पूर्व जीडीए उपाध्यक्ष ए. दिनेश कुमार ने दोनों करार को आठ नवंबर 2019 को निरस्त कर दिया था। आदेश में कहा गया था कि चंपा देवी पार्क को लेकर अनुबंध की शर्तों का साझेदारों ने उल्लंघन किया है।

पार्क जीडीए की संपत्ति है। इसका संचालन करने वालों का अस्तित्व सिर्फ  कस्टोडियन के रूप में है। करार का मकसद पार्क का समुचित रखरखाव, वाटर पार्क एवं एन्वायरमेंटल पार्क को विकसित करना था। मगर अनुबंध की शर्तें तोड़कर वहां पांच विवाह घर संचालित किए जा रहे थे।

अनुबंध में पार्क का एक एकड़ हिस्सा सार्वजनिक लोगों के लिए छोड़ने को कहा गया था। वहां पाथ-वे बनाना था। मगर उस हिस्से पर भी बाउंड्रीवाल करा लिया गया। सभी गेटों पर सिक्योरिटी गार्ड बैठा दिए गए जिससे आम आदमी पार्क के भीतर पहुंच ही नहीं पाता। प्राधिकरण रोहित अग्रवाल को मूल आवंटी मानता है।

उसका कहना है कि रोहित ने गलत तरीके से बिना प्राधिकरण को सूचित किए दूसरे पार्टनर बना लिए, जिसके बाद उन्होंने रोहित को सिर्फ दो फीसदी का हिस्सेदार बना, पार्क का संचालन खुद करने लगे। कोर्ट के आदेश पर प्राधिकरण ने साझेदारों को जो नोटिस भेजा है उसमें भी ये सभी प्रमुख बिंदु है, जिसपर साझेदारों से स्पष्टीकरण तलब किया गया है।  

नोटिस से पट्टाधारी का हक नहीं बनता

नोटिस में प्राधिकरण ने यह भी उल्लेख किया है कि कोर्ट के आदेश के क्रम में किए गए पत्राचार को आधार मानकर दूसरे साझेदार, वाटर पार्क पर किसी तरह के पट्टे का अधिकार नहीं जता सकते। नोटिस में कहा गया है कि मेसर्स केआर एम्यूजमेंट एवं रिसोर्ट्स  के प्रबंधन को यह भी स्पष्ट किया जाता है कि प्राधिकरण के मूल आवंटी रोहित अग्रवाल, नूतन अग्रवाल तथा भूपेंद्र विक्रम सिंह ही हैं, इसमें बाकी कथित व्यक्तियों का नाम प्राधिकरण के पत्राचार में आने से उनका किसी प्रकार का पट्टाधारी हक नहीं बनता।

जीडीए सचिव राम सिंह गौतम ने कहा कि हाईकोर्ट के आदेश के क्रम में वाटर पार्क के साझेदारों को नोटिस भेजकर स्पष्टीकरण मांगा गया है। 24 फरवरी की शाम चार बजे तक उन्हें अपना पक्ष रखने का मौका दिया गया है। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।     

नीर निकुंज (वाटर पार्क) साझेदार दीपक अग्रवाल ने कहा कि नोटिस प्राप्त हुई है। अध्ययन करने के बाद तय समय के भीतर फर्म अपना पक्ष रखेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed