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सीआईएससीईः बारहवीं के पैटर्न में हुआ खास बदलाव, विद्यार्थियों को अच्छे नंबर हासिल करने में होगी आसानी
Mon, 11 Jan 2021 12:39 AM IST
vivek shukla
विवेक सिंह, गोरखपुर।
विवेक सिंह, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Mon, 11 Jan 2021 12:39 AM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर।
- फोटो : अमर उजाला।
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काउंसिल फॉर द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशन (सीआईएससीई) ने वर्ष 2021 के इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट (आईएससी) 12वीं परीक्षा के प्रारूप में बदलाव कर दिया है। बोर्ड ने अंग्रेजी भाषा, गणित और हिंदी समेत 12 विषयों में प्रोजेक्ट वर्क लागू कर दिया है। इसके तहत, छात्रों के 100 अंकों के पेपर को अब दो भागों में बांटा जाएगा। इसे लेकर बोर्ड का निर्देश गोरखपुर शहर के सीआईएससीई से संचालित स्कूलों में पहुंच गया है।
परीक्षा का एक भाग लिखित तो और दूसरा प्रोजेक्ट वर्क का होगा। जारी आदेश के मुताबिक प्रोजेक्ट वर्क शामिल करने के बाद लिखित परीक्षा 80 अंकों की होगी। बाकी 20 अंक प्रोजेक्ट वर्क के आधार पर दिए जाएंगे। बोर्ड ने पूर्व में 18 विषयों में इसे लागू किया है। अब बाकि बचे 12 विषयों में भी इसे लागू किया जा रहा है।
इस पहल से विद्यार्थियों को बोर्ड परीक्षाओं में और अच्छे नंबर हासिल करने में आसानी होगी। अभी तक काउंसिल ने इन विषयों के प्रोजेक्ट वर्क के बारे में सूचना नहीं भेजी है। जानकारी मिलने पर उसके आधार पर छात्र प्रोजेक्ट तैयार करेंगे। इन प्रोजेक्ट का मूल्यांकन विद्यालय समेत बाहरी परीक्षक करते हैं।
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परीक्षा का एक भाग लिखित तो और दूसरा प्रोजेक्ट वर्क का होगा। जारी आदेश के मुताबिक प्रोजेक्ट वर्क शामिल करने के बाद लिखित परीक्षा 80 अंकों की होगी। बाकी 20 अंक प्रोजेक्ट वर्क के आधार पर दिए जाएंगे। बोर्ड ने पूर्व में 18 विषयों में इसे लागू किया है। अब बाकि बचे 12 विषयों में भी इसे लागू किया जा रहा है।
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इस पहल से विद्यार्थियों को बोर्ड परीक्षाओं में और अच्छे नंबर हासिल करने में आसानी होगी। अभी तक काउंसिल ने इन विषयों के प्रोजेक्ट वर्क के बारे में सूचना नहीं भेजी है। जानकारी मिलने पर उसके आधार पर छात्र प्रोजेक्ट तैयार करेंगे। इन प्रोजेक्ट का मूल्यांकन विद्यालय समेत बाहरी परीक्षक करते हैं।
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सैंपल पेपर के लिए करना होगा इंतजार
परीक्षा में पूछे जाने वाले पेपर को समझने के लिए परिषद की ओर से जारी होने वाले सैंपल पेपर के लिए अभी इंतजार करना होगा। परिषद ने अभी तक इस संबंध में कोई जानकारी नहीं जारी की है। हालांकि, इसका असर छात्रों की तैयारी पर पड़ रहा है। छात्रों का कहना है कि परीक्षा में किस तरह के सवाल पूछे जाएंगे, इस संबंध में कोई जानकारी नहीं मिल पा रही है।
इन विषयों में किया गया है प्रोजेक्ट वर्क लागू
इंग्लिश लैंग्वेज, लिट्रेचर इन इंग्लिश, इंडियन लैंग्वेज, मॉडर्न फॉरेन लैंग्वेज, क्लासिकल लैंग्वेज (अरेबिक, संस्कृत, पर्शियन), इलेक्टिव इंग्लिश, गणित, इलेक्ट्रिसिटी एंड इलैक्ट्रोनिक्स, इंजीनियरिंग साइंस, जियोमैट्रिकल एंड मैकेनिकल ड्राइंग, जियोमैट्रिकल एंड बिल्डिंग ड्राइंग, हिंदी।
आरपीएम ग्रुप ऑफ स्कूल्स के डायरेक्टर अजय शाही ने बताया कि सीआईएससीई ने बारहवीं की परीक्षा के लिए 12 विषयों में प्रैक्टिकल को भी जोड़ दिया है। इस पहल के मुताबिक अब 80 नंबर के थ्योरी की परीक्षा होगी। वहीं 20 नंबर प्रोजेक्ट वर्क के लिए मिलेंगे। व्यवस्था में बदलाव की जानकारी विद्यार्थियों को प्रदान की जा रही है।
इन विषयों में किया गया है प्रोजेक्ट वर्क लागू
इंग्लिश लैंग्वेज, लिट्रेचर इन इंग्लिश, इंडियन लैंग्वेज, मॉडर्न फॉरेन लैंग्वेज, क्लासिकल लैंग्वेज (अरेबिक, संस्कृत, पर्शियन), इलेक्टिव इंग्लिश, गणित, इलेक्ट्रिसिटी एंड इलैक्ट्रोनिक्स, इंजीनियरिंग साइंस, जियोमैट्रिकल एंड मैकेनिकल ड्राइंग, जियोमैट्रिकल एंड बिल्डिंग ड्राइंग, हिंदी।
आरपीएम ग्रुप ऑफ स्कूल्स के डायरेक्टर अजय शाही ने बताया कि सीआईएससीई ने बारहवीं की परीक्षा के लिए 12 विषयों में प्रैक्टिकल को भी जोड़ दिया है। इस पहल के मुताबिक अब 80 नंबर के थ्योरी की परीक्षा होगी। वहीं 20 नंबर प्रोजेक्ट वर्क के लिए मिलेंगे। व्यवस्था में बदलाव की जानकारी विद्यार्थियों को प्रदान की जा रही है।