{"_id":"62f35bf202f2db4c0b0489cf","slug":"case-of-murder-on-villagers-in-case-of-death-in-police-custody","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gorakhpur: पुलिस अभिरक्षा में मौत के मामले में ग्रामीणों पर हत्या का केस, जेल गेट पर हुई थी मौत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gorakhpur: पुलिस अभिरक्षा में मौत के मामले में ग्रामीणों पर हत्या का केस, जेल गेट पर हुई थी मौत
Wed, 10 Aug 2022 12:49 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Wed, 10 Aug 2022 12:49 PM IST
सार
छह अगस्त को सीसीटीवी कैमरे में प्रमोद का फोटो देख ग्रामीणों ने उसे पकड़ लिया था। ग्रामीणों ने उसकी बेरहमी से पिटाई कर दी थी। इसके बाद पुलिस को सुपुर्द कर दिया गया। पुलिस ने गुडवर्क दिखाने के चक्कर में महज एक फावड़ा बरामद कर आरोपी को सात अगस्त की सुबह गिरफ्तारी दिखाते हुए न्यायालय में पेश की।
विज्ञापन
मृतक का फाइल फोटो।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पुलिस अभिरक्षा में प्रमोद की मौत के आरोप में घिरी पुलिस ने मंगलवार को दो नामजद सहित तीन ग्रामीणों पर हत्या का केस दर्ज कर लिया। प्रमोद के भाई संतोष ने तहरीर में ग्रामीणों पर चोरी का फर्जी आरोप लगाते हुए पिटाई करने की बात लिखी है। पुलिस ने तहरीर पर चिउटहां निवासी विक्रम सिंह, लल्लू व एक अज्ञात को हत्या का आरोपी बनाते हुए जांच शुरू कर दी है।
महराजगंज के पनियरा निवासी संतोष सिंह ने दी तहरीर में लिखा है कि छह अगस्त को महरी गांव रिश्तेदारी में भाई आया था। इसी दौरान चिउटहां गांव के विक्रम सिंह, लल्लू व अज्ञात लोगों ने चोरी का झूठा आरोप लगाते हुए उनकी पिटाई कर दी। पिटाई की वजह से ही प्रमोद की मौत हो गई।
उधर, पोस्टमार्टम रिपोर्ट में शरीर पर सिर के अलावा छह जगह चोट के निशान भी मिले हैं। पुलिस ने अपनी गर्दन बचाने के लिए तीन लोगों पर हत्या का केस दर्ज कर लिया है। थानेदार शंभू नाथ ने बताया कि तहरीर के आधार पर केस दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी जल्द कर ली जाएगी।
विज्ञापन
यह हुआ था
छह अगस्त को सीसीटीवी कैमरे में प्रमोद का फोटो देख ग्रामीणों ने उसे पकड़ लिया था। ग्रामीणों ने उसकी बेरहमी से पिटाई कर दी थी। इसके बाद पुलिस को सुपुर्द कर दिया गया। पुलिस ने गुडवर्क दिखाने के चक्कर में महज एक फावड़ा बरामद कर आरोपी को सात अगस्त की सुबह गिरफ्तारी दिखाते हुए न्यायालय में पेश की। पुलिस न्यायालय से जेल लेकर गई, जहां पर उसकी मौत हो गई। आनन-फानन उसे जिला अस्पताल लेकर पुलिसकर्मी गए, जहां पर डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया था।
विज्ञापन
महराजगंज के पनियरा निवासी संतोष सिंह ने दी तहरीर में लिखा है कि छह अगस्त को महरी गांव रिश्तेदारी में भाई आया था। इसी दौरान चिउटहां गांव के विक्रम सिंह, लल्लू व अज्ञात लोगों ने चोरी का झूठा आरोप लगाते हुए उनकी पिटाई कर दी। पिटाई की वजह से ही प्रमोद की मौत हो गई।
विज्ञापन
उधर, पोस्टमार्टम रिपोर्ट में शरीर पर सिर के अलावा छह जगह चोट के निशान भी मिले हैं। पुलिस ने अपनी गर्दन बचाने के लिए तीन लोगों पर हत्या का केस दर्ज कर लिया है। थानेदार शंभू नाथ ने बताया कि तहरीर के आधार पर केस दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी जल्द कर ली जाएगी।
विज्ञापन
यह हुआ था
छह अगस्त को सीसीटीवी कैमरे में प्रमोद का फोटो देख ग्रामीणों ने उसे पकड़ लिया था। ग्रामीणों ने उसकी बेरहमी से पिटाई कर दी थी। इसके बाद पुलिस को सुपुर्द कर दिया गया। पुलिस ने गुडवर्क दिखाने के चक्कर में महज एक फावड़ा बरामद कर आरोपी को सात अगस्त की सुबह गिरफ्तारी दिखाते हुए न्यायालय में पेश की। पुलिस न्यायालय से जेल लेकर गई, जहां पर उसकी मौत हो गई। आनन-फानन उसे जिला अस्पताल लेकर पुलिसकर्मी गए, जहां पर डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया था।