{"_id":"62723ac5e947993cd84d8e9b","slug":"amar-ujala-foundation-40-patients-underwent-health-check-up-in-camp","type":"story","status":"publish","title_hn":"अमर उजाला फाउंडेशन: शिविर में 40 मरीजों का हुआ स्वास्थ्य परीक्षण, दी सलाह","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अमर उजाला फाउंडेशन: शिविर में 40 मरीजों का हुआ स्वास्थ्य परीक्षण, दी सलाह
Wed, 04 May 2022 02:05 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Wed, 04 May 2022 02:05 PM IST
सार
डॉ. शिवम मोहन पांडेय ने बताया कि दमा के कई मरीज मिले, जिन्हें इनहेलर लेने की सलाह दी गई। सांस के रोगी भी शिविर में इलाज कराने आए।
विज्ञापन
अमर उजाला फाउंडेशन।
- फोटो : अमर उजाला।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
गोरखपुर में अमर उजाला फाउंडेशन और अपोलो क्लीनिक बेतियाहाता की ओर से मंगलवार को निशुल्क स्वास्थ्य शिविर लगाया गया। 40 मरीजों के स्वास्थ्य का परीक्षण किया गया। उचित सलाह के साथ जरूरी दवाइयां भी दी गईं।
आपोलो क्लीनिक में लगे शिविर में सांस रोग विशेषज्ञ डॉ. शिवम मोहन पांडेय और हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. हिमांशु अग्रहरि ने सुबह 11 बजे से शाम पांच बजे तक मरीज देखे। 12 मरीज ऐसे मिले जिन्हें काफी दिक्कतें थी। डॉक्टर ने उन्हें उचित सलाह देते हुए बेहतर खानपान की सलाह दी।
डॉ. शिवम मोहन पांडेय ने बताया कि दमा के कई मरीज मिले, जिन्हें इनहेलर लेने की सलाह दी गई। सांस के रोगी भी शिविर में इलाज कराने आए। डॉ. हिमांशु ने बताया कि गठिया से पीड़ित मरीजों को ज्यादा दिक्कतें थीं, उन्हें दवाइयां देते हुए सलाह दी गई है कि वजनी चीजें न उठाएं। शुगर और बीपी के मरीज भी इलाज के लिए आए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
आपोलो क्लीनिक में लगे शिविर में सांस रोग विशेषज्ञ डॉ. शिवम मोहन पांडेय और हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. हिमांशु अग्रहरि ने सुबह 11 बजे से शाम पांच बजे तक मरीज देखे। 12 मरीज ऐसे मिले जिन्हें काफी दिक्कतें थी। डॉक्टर ने उन्हें उचित सलाह देते हुए बेहतर खानपान की सलाह दी।
विज्ञापन
डॉ. शिवम मोहन पांडेय ने बताया कि दमा के कई मरीज मिले, जिन्हें इनहेलर लेने की सलाह दी गई। सांस के रोगी भी शिविर में इलाज कराने आए। डॉ. हिमांशु ने बताया कि गठिया से पीड़ित मरीजों को ज्यादा दिक्कतें थीं, उन्हें दवाइयां देते हुए सलाह दी गई है कि वजनी चीजें न उठाएं। शुगर और बीपी के मरीज भी इलाज के लिए आए थे।
विज्ञापन