Arshad Warsi: एक्टर अरशद वारसी फंसे मुसीबत में, अब शेयर बाजार से नहीं कर पाएंगे कमाई
SEBI Action Against Arshad Warsi: बॉलीवुड एक्टर अरशद वारसी समेत 58 लोगों के खिलाफ भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड ने बड़ी कार्रवाई की है। क्या है पूरा मामला, चलिए आपको बताते हैं।
विस्तार
बॉलीवुड अभिनेता अरशद वारसी एक गंभीर वित्तीय घोटाले में फंस गए हैं। भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड यानी SEBI ने शेयर बाजार में हेराफेरी करने के आरोप में अरशद वारसी, उनकी पत्नी मारिया गोरेट्टी और 57 अन्य लोगों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। इस कार्रवाई के तहत इन सभी पर शेयर बाजार में ट्रेडिंग से प्रतिबंध लगा दिया गया है, साथ ही भारी जुर्माना और अवैध कमाई वापस लौटाने का आदेश भी दिया गया है।
‘पंप एंड डंप’ स्कीम से किया निवेशकों को नुकसान
SEBI की जांच में सामने आया है कि यह घोटाला ‘पंप एंड डंप’ स्कीम के तहत किया गया था। इस तकनीक में पहले कुछ शेयरों की कीमतों को बनावटी ढंग से बढ़ाया गया और फिर उन्हें ऊंचे दामों पर बेचकर बड़ा मुनाफा कमाया गया। आम निवेशक जब इन शेयरों में निवेश करते हैं, तो उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ता है। इस मामले में साधना ब्रॉडकास्ट और शार्पलाइन रियल्टी जैसे कंपनियों के शेयरों को निशाना बनाया गया।
अरशद और मारिया ने कमाए लाखों
SEBI की रिपोर्ट के मुताबिक, अरशद वारसी ने इस घोटाले के जरिए करीब 41.70 लाख रुपये का मुनाफा कमाया, वहीं उनकी पत्नी मारिया गोरेती ने 50.35 लाख रुपये का लाभ उठाया। यह कमाई अवैध तरीके से हुई थी, जिसे अब 12 प्रतिशत सालाना ब्याज के साथ लौटाने का आदेश दिया गया है।
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58.01 करोड़ की अवैध कमाई वापस लौटाने का आदेश
इस पूरे घोटाले में कुल 59 इकाइयों ने मिलकर 58.01 करोड़ रुपये की अवैध कमाई की थी। SEBI ने सभी आरोपियों को यह रकम ब्याज सहित वापस लौटाने को कहा है। इसके साथ ही अरशद वारसी और उनकी पत्नी पर पांच-पांच लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। अन्य आरोपियों पर 5 लाख से लेकर 5 करोड़ रुपये तक का जुर्माना लगाया गया है।
यूट्यूब के जरिए फैलाई गई भ्रामक जानकारी
SEBI की जांच में यह भी सामने आया कि कुछ यूट्यूब चैनलों पर इन कंपनियों के शेयरों को लेकर झूठे और भ्रामक वीडियो अपलोड किए गए थे। इन वीडियोज में निवेशकों को इन शेयरों में निवेश करने के लिए प्रेरित किया गया, जिससे उनकी कीमतों में तेजी आई और फिर इन लोगों ने मुनाफा कमाया।
मुख्य मास्टरमाइंड भी बेनकाब
SEBI की रिपोर्ट में गौरव गुप्ता, राकेश कुमार गुप्ता और मनीष मिश्रा को इस पूरे रैकेट का मास्टरमाइंड बताया गया है। इनके अलावा पीयूष अग्रवाल, लोकेश शाह और अन्य लोग भी इस घोटाले में सक्रिय भूमिका निभाते पाए गए। इन लोगों ने मिलीभगत से आम निवेशकों को गुमराह किया और खुद मुनाफा कमाया।