Soorarai Pottru in Hindi: ‘शेरनी’ के बाद 'सूरराई पोटरू' की बारी, सूरिया ने किया हिंदी रीमेक का एलान
ओटीटी पर रिलीज होने के बाद से दुनिया भर में खूब देखी जा रही फिल्म ‘सूरराई पोटरू’ अब हिंदी में बनने जा ही है। 'सूरराई पोटरू' का अर्थ है बहादुर की प्रशंसा और ये कहानी है एक इंसान की जिसने देश में आम आदमी की हवाई यात्रा के सपने को पूरा किया।
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ओटीटी पर रिलीज होने के बाद से दुनिया भर में खूब देखी जा रही फिल्म ‘सूरराई पोटरू’ अब हिंदी में बनने जा ही है। 'सूरराई पोटरू' का अर्थ है बहादुर की प्रशंसा और ये कहानी है एक इंसान की जिसने देश में आम आदमी की हवाई यात्रा के सपने को पूरा किया। एयर डेक्कन के संस्थापक कैप्टन जी.आर. गोपीनाथ के जीवन पर आधारित ‘सूरराई पोटरू’ को देश विदेश में काफी सरहाना हासिल हुई।78वें गोल्डन ग्लोब अवार्ड्स में फिल्म का प्रदर्शन हो चुका है। प्राइम वीडियो की ही सहयोगी रेटिंग एजेंसी ने इसे दुनिया की सार्वकालिक महानतम फिल्मों में भी शामिल करने की कोशिश की।
हालांकि, रेटिंग वेबसाइट आईएमडीबी भी अब धीरे धीरे ट्विटर की तरह हो चुकी है और इसमें घर बैठे अकाउंट बनाकर किसी भी तरह की फिल्म को कितनी भी रेटिंग तक पहुंचाया जा सकता है। मुंबई में ही तमाम एजेंसियां अब आईएमडीबी रेटिंग ठीक करने का ठेका भी लेने लगी हैं। लेकिन, इसके बावजूद फिल्म ‘सूरराई पोटरू’ को हिंदी में बनाए जाने की खबर से लोगों में इसे लेकर रुचि देखी जा रही है। फिल्म की हिंदी रीमेक के लिए कास्टिंग को अंतिम रूप दिया जाना अभी बाकी है। ओरिजिनल फिल्म की निर्देशक सुधा कोंगारा ही हिंदी रीमेक का भी निर्देशन करेंगी।
इस बारे में एयर डेक्कन के संस्थापक गोपीनाथ कहते हैं, “जब सुधा पहली बार मेरे पास मेरी जीवन यात्रा की कहानी बताने का विचार लेकर आई तो मैं तुरंत सहमत हो गया क्योंकि जिस ईमानदारी के साथ वह फिल्म बनाना चाहती थी वह रोचक था। इसके अलावा वह मेरी जीवन यात्रा को एक ऐसी प्रेरणादायक कहानी के तौर पर बनाना चाहती थी जो ग्रामीण कस्बों और गांवों से अपने सपनों और जुनून का पीछा करने के लिए कम संसाधनों के साथ शहर आने वाले युवा उद्यमियों को प्रेरित कर सके। मैं 'सूरराई पोटरू' को मिली प्रतिक्रिया से अभिभूत हूं और अब फिल्म के हिंदी रूपांतरण का बेसब्री से इंतजार कर रहा हूं।"
वहीं फिल्म ‘सूरराई पोटरू’ के अभिनेता सूरिया कहते हैं, "फिल्म ‘सूरराई पोटरू’ पर जो प्यार और प्रशंसा बरसाई गई वह अभूतपूर्व थी। जिस क्षण से मैंने पहली बार यह कहानी सुनी, मुझे लगा कि यह एक अखिल भारतीय फिल्म होनी चाहिए। कैप्टन गोपीनाथ की प्रेरक कहानी को हिंदी में बताने के लिए अबंडनशीया एंटरटेनमेंट के साथ साझेदारी करके मुझे बहुत खुशी हो रही है।”
फिल्म की निर्देशक सुधा कोंगरा इस बारे में कहती हैं, "मैं 'सूरराई पोटरू’की कहानी से तुरंत आकर्षित हो गई जो एक साहसी और प्रेरक व्यवसायी कैप्टन गोपीनाथ की कहानी है, जिन्होंने 90 के दशक के न्यू इंडिया का प्रतीक बनाया। अब तक हमें मिले सभी प्यार के लिए मैं आभारी हूं और इस अनूठी और अद्भुत कहानी को हिंदी में बताने के लिए उत्सुक हूं। मुझे उम्मीद है कि इस आधिकारिक हिंदी रीमेक को भी ओरिजिनल फिल्म जैसा ही प्यार मिलेगा।”