फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Entertainment ›   Bollywood ›   'Dil Dhadakne do' Review

'दिल धड़कने दो' समीक्षा: डूब जाएंगे आपके कीमती तीन घंटे

Fri, 05 Jun 2015 02:18 PM IST
Updated Fri, 05 Jun 2015 02:18 PM IST
विज्ञापन
'Dil Dhadakne do' Review

कई बार आप कुछ ऐसा देख लेते हैं कि जी धक-से रह जाता है और हैरान मन में सवाल उठता हैः वह क्या था!! जोया अख्तर की दिल धड़कने दो भी ऐसी ही फिल्म है। दो घंटे पचास मिनट की लंबी ऊब के बाद अंततः आप राहत की सांस लेते हैं। आखिर वह क्या है जो दो फिल्म बाद ही फिल्मकार को पतन की राह पर डाल देता है? फिल्म में जोया अपनी जिंदगी के ऐसे क्रूज पर नजर आती हैं, जहां उन्हें बाहरी संसार की खबर नहीं है।

विज्ञापन


टेलीविजन पर आप जो कड़ी-दर-कड़ी कभी खत्म न होने वाले लक-दक-चमकदार पारिवारिक ड्रामे देखते हैं, जिनमें कोई खुश नहीं है, बिजसनेस एंपायर ध्वस्त हो रहे हैं, एक-दूसरे से जलन-कुढ़न है, प्रेम कहानियों के बीच बेवफाई है, व्यवसाय बचाने के लिए रिश्ते जोड़े जा रहे हैं... वही सब दिल धड़कने दो में है। जबकि आप अपनी जिंदगी में पाते हैं कि महंगाई कम नहीं हो रही है। मानसून की देरी डरा रही है। दफ्तर और घर में संतुलन बैठाने का तनाव हैं।
विज्ञापन


भागदौड़ के बीच खुद स्वस्थ रखना है। मनोरंजन की सख्त जरूरत है। जो इस फिल्म में नहीं है। रही सही कसर तब पूरी हो जाती है जब अनुष्का शर्मा अपने बॉम्बे वेलवेट वाले अवतार में पर्दे पर उतरती हैं और रोकते-रोकते भी अंततः यह खयाल मन में सिर उठा ही लेता है कि दिल धड़कने दो थोड़े रंगीन और फैमेली पैकेज में आखिरकार दूसरी बॉम्बे वेलवेट ही है।

विज्ञापन
विज्ञापन

कुछ भी उत्तेजक या मनोरंजक नहीं

'Dil Dhadakne do' Review

फिल्म में तथाकथित सितारों की भीड़ है। प्लास्टिक के डिब्बे बनाने की फेक्ट्रियां चलाने वाले कमल मेहरा (अनिल कपूर) की शादी को तीस साल पूरे हो रहे हैं और वह पत्नी (शेफाली शाह) समेत विवाहित बेटी (प्रियंका चोपड़ा), दामाद (राहुल बोस), नाकाबिल बेटे (रणवीर सिंह) और ढेर सारे रिश्तेदारों, व्यावसायिक मित्रों को एक विशाल क्रूज (पानी का जहाज) पर लंबी पार्टी के लिए बुलाते हैं।

जहाज तुर्की होता हुआ यूरोप की तरफ बढ़ता है। आप पाते हैं कि मेहरा’ज परिवार बिखरा हुआ है। कमल के पत्नी से रिश्ते ठीक नहीं हैं। बेटी-दामाद भी एक-दूसरे से असंतुष्ट हैं। बेटा बिजनेस एंपायर संभालने के काबिल नहीं है। अन्य किरादारों की भी छोटी-छोटी कहानियां हैं। बढ़ते हुए जहाज के साथ रिश्तों के सिलसिले बढ़ते हैं, मगर कुछ भी उत्तेजक या मनोरंजक नहीं होता। आपके तीन घंटों पर पानी फिर जाता है।
 

फिल्म न हंसाती है, न रुलाती है

'Dil Dhadakne do' Review

फिल्म की सबसे बड़ी मुश्किल यह है कि वह किसी मुकाम पर आपको अपने साथ जोड़ नहीं पाती। सब कुछ बनावटी लगता है। फिल्म न हंसाती है, न रुलाती है। भावुक परिस्थितियों में संवाद ऐसे हैं मानो अंग्रेजी में लिख कर उनका हिंदी तर्जुमा किया गया हो।

किसी किरदार में वह चमक नहीं दिखती कि बांध सके। अनिल कपूर, रणवीर सिंह और प्रियंका चोपड़ा के हिस्से एक-एक, दो-दो सीन आए हैं जहां वह धूमकेतु की तरह छटा बिखेरते हुए निकल जाते हैं। बाकी सब औसत हैं। जोया ने क्रूज पर कहानी को फिल्माया है, मगर आपको कहीं भी जहाज की खूबसूरती या उसमें रचने-बसने वाला माहौल नहीं दिखता, जिसकी उम्मीद की जाती है। वैसे टाइटैनिक से तुलना करना बेमानी होगा, मगर बात निकली है तो फिर...। पहली दो फिल्मों में जोया ने जितनी उम्मीदें जगाई थीं, इस फिल्म में वह उतनी ही निराश करती हैं। गीत-संगीत-नृत्य प्रभावित नहीं करता। यहां तक कि कैमरावर्क भी औसत है। समुद्र के बीच एक जहाज से देखे जाने वाले मनोहारी दृश्य यहां गायब हैं।

गौर करने वाली बात यह है कि जोया ने फिल्म की कहानी मेहरा परिवार के पालतु कुत्ते प्लूटो के मुंह से कहलवाई है। यह बेहद हास्यास्पद है। जोया श्वान-मुख से कथा-कहन का कोई तर्क पेश नहीं करतीं। संभवतः ऐसा उन्होंने इसलिए किया हो कि बॉलीवुड में अच्छे लेखकों का अकाल मान लिया गया है। सो उन्होंने एक कुत्ते को कहानी कहने का मौका दिया!! कुत्ते के मुंह से आप इंसानी रिश्तों पर घिसे-पिटे-बचकाने फलसफे सुनना चाहें तो जरूर फिल्म देख सकते हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें मनोरंजन समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। मनोरंजन जगत की अन्य खबरें जैसे बॉलीवुड न्यूज़, लाइव टीवी न्यूज़, लेटेस्ट हॉलीवुड न्यूज़ और मूवी रिव्यु आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed