फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Entertainment ›   Bollywood ›   Bombay High Court gave order to centre find out where Mushtaq Nadiadwala children are make contact with them

Film Maker Child Case: मुश्ताक केस में बॉम्बे हाईकोर्ट के केंद्र को सख्त निर्देश, बोले- जल्द बच्चों को ढूंढें

Mon, 12 Sep 2022 04:48 PM IST
पलक शुक्ला एंटरटेंमेंट डेस्क, अमर उजाला
एंटरटेंमेंट डेस्क, अमर उजाला Published by: पलक शुक्ला Updated Mon, 12 Sep 2022 04:48 PM IST
सार

मु्श्ताक नाडियाडवाला ने कोर्ट में दायर की गई याचिका में दावा किया है कि उनके दो बच्चों, एक नौ साल का बेटा और छह साल की एक बेटी को उनकी पाकिस्तानी पत्नी और उनके परिवार ने 2020 से पाकिस्तान में अवैध रूप से बंधक बनाया हुआ है।

विज्ञापन
Bombay High Court gave order to centre find out where Mushtaq Nadiadwala children are make contact with them
मुश्ताक नाडियाडवाला - फोटो : social media

विस्तार

फिल्म इंडस्ट्री में हमने आज तक बहुत से कपल्स को तलाक लेकर अलग होते देखा है। लेकिन ऐसा पहले नहीं हुआ है कि कोई अपने ही पत्नी-बच्चों की तलाश में दर-ब-दर घूमा हो। हालांकि, ऐसा ही एक मामला हाल फिलहाल में हाई कोर्ट पहुंचा है, जिसे सुन सबकी किसी को भी अपने कानों पर यकीन नहीं हो पा रहा है। दरअसल, बॉलीवुड फिल्म निर्माता मुश्ताक नाडियाडवाला ने बॉम्बे हाई कोर्ट में पिछले दिनों याचिका दायर की थी, जिसमें उन्होंने दावा किया है कि उनके नाबालिग बच्चों को पाकिस्तान में अवैध रूप से रखा गया है। ऐसे में उनकी याचिका की सुनवाई में उच्च न्यायालय ने सोमवार को केंद्र से यह पता लगाने के लिए कदम उठाने को कहा कि मुश्ताक नाडियाडवाला के बच्चे आखिर कहां हैं। इतना ही नहीं कोर्ट ने केंद्र से यह भी कहा है कि इस मामले में उन्हें एक-दूसरे से दूर नहीं भागना चाहिए।

विज्ञापन

मु्श्ताक नाडियाडवाला ने कोर्ट में दायर की गई याचिका में दावा किया है कि उनके दो बच्चों, एक नौ साल का बेटा और छह साल की एक बेटी को उनकी पाकिस्तानी पत्नी और उनके परिवार ने 2020 से पाकिस्तान में अवैध रूप से बंधक बनाया हुआ है। इस याचिका की सुनवाई में जज रेवती मोहिते डेरे और पी के चव्हाण याचिका पर सुनवाई की थी, जिसमें उनके दो नाबालिग बच्चों की सुरक्षित वापसी की सुविधा के लिए सरकार को निर्देश देने की मांग की गई थी। नाडियाडवाला ने अपनी पत्नी की वापसी की भी मांग की है यदि उसे उसके परिवार द्वारा जबरदस्ती बहला फुसला कर पाकिस्तान में रखा है।

विज्ञापन
विज्ञापन

बॉम्बे हाई कोर्ट ने पिछले महीने केंद्रीय विदेश मंत्रालय को याचिका पर जवाब देने का निर्देश दिया था और एमआईए के मुख्य पासपोर्ट और वीजा कार्यालय के एक अधिकारी को नाडियाडवाला से मिलने का भी निर्देश दिया था। नाडियाडवाला के वकील बेनी चटर्जी ने सोमवार को कोर्ट को बताया कि सीपीवी के संयुक्त सचिव को एक ईमेल भेजा गया था, जिन्होंने जवाब दिया कि यह मामला विदेश मंत्रालय के प्रवासी भारतीय मामलों के विभाग के दायरे में आता है। चटर्जी ने कहा, 'मुश्ताक ने 2 सितंबर को इस विभाग को एक मेल लिखा था, लेकिन अभी तक कोई जवाब नहीं मिला है। विदेश मंत्रालय की ओर से पेश अधिवक्ता आशीष चव्हाण ने निर्देश मांगने के लिए और समय मांगा।'

विज्ञापन

बेनी चटर्जी का बयान सुन कोर्ट ने कहा कि विदेश मंत्रालय को इस मामले को 'प्रतिकूल' नहीं मानना चाहिए और सहयोग करना चाहिए, यह भी सुनिश्चित करना चाहिए कि इस मुद्दे का समाधान हो। संबंधित अधिकारी ने अभी तक याचिकाकर्ता को जवाब क्यों नहीं दिया? मुश्ताक को विदेश मंत्रालय के अंदर ही एक-दूसरे के पीछे-पीछे दौड़ाने के लिए मजबूर न करें। बस फोन उठाएं और संबंधित अधिकारी से बात करें और उसे कुछ कदम उठाने के लिए कहें और देखें कि बच्चे कहां हैं।' जज डेरे ने कहा कि, 'कम से कम किसी कॉन्टेक्ट नंबर या ईमेल का पता लगाएं, जिससे नाडियाडवाला और उनके बच्चों के बीच बात चीत तो हो।'

कोर्ट ने मामले को 21 सितंबर को होने वाली अगली सुनवाई तक टालते हुए विदेश मंत्रालय को याचिका का जवाब देने और उचित कदम उठाने का निर्देश दिया है। मुश्ताक नाडियाडवाला ने अपनी याचिका में आरोप लगाया कि उनके बच्चों को उनकी पत्नी मरियम चौधरी और उनके परिवार ने पाकिस्तान में अवैध रूप से हिरासत में लिया है। मुश्ताक ने दावा किया है कि, 'उनकी पत्नी ने भारत लौटने से इंकार कर दिया है और उन्हें छोड़ने का कोई भी उचित कारण बताने से भी इंकार कर दिया है।'

याचिका के अनुसार, नाडियाडवाला ने अप्रैल 2012 में पाकिस्तान में मरियम चौधरी से शादी की जिसके बाद वह भारत चली गई और भारतीय नागरिकता के लिए आवेदन किया। दंपति के दो बच्चे हैं। नवंबर 2020 में मरियम चौधरी अपने दोनों बच्चों के साथ भारत छोड़कर पाकिस्तान चली गई, जिसके बाद फरवरी 2021 में, उन्होंने लाहौर में एक संरक्षकता याचिका दायर की, जिसमें दो बच्चों के वैध अभिभावक के रूप में नियुक्त होने की मांग की गई। मरियम की इस याचिका को वहां की अदालत ने स्वीकार कर लिया। नाडियाडवाला ने अपनी याचिका में यहां तक दावा किया है कि उनकी पत्नी का ब्रेनवॉश किया गया या उन्हें पाकिस्तान में रहने के लिए मजबूर किया गया।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें मनोरंजन समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। मनोरंजन जगत की अन्य खबरें जैसे बॉलीवुड न्यूज़, लाइव टीवी न्यूज़, लेटेस्ट हॉलीवुड न्यूज़ और मूवी रिव्यु आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed