फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Tihar Gangwar: Tillu Tajpuria was murdered after seven hours of preparation

Tihar Gangwar : सात घंटों की तैयारी के बाद की गई टिल्लू ताजपुरिया की हत्या, हमलावरों ने खोलीं प्लानिंग की परते

Sat, 13 May 2023 04:58 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Sat, 13 May 2023 04:58 AM IST
सार

कई बार उन लोगों ने हत्या की साजिश रची, लेकिन कामयाब नहीं हो पाए। तिहाड़ जेल में टिल्लू के आते ही महज सात घंटे की तैयारी के बाद घटना को अंजाम दे दिया।

विज्ञापन
Tihar Gangwar: Tillu Tajpuria was murdered after seven hours of preparation
Tillu Tajpuriya Murder - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

गैंगस्टर जितेंद्र गोगी के साथ दुश्मनी की शुरूआत होने के बाद से ही गोगी गैंग के बदमाश टिल्लू ताजपुरिया की हत्या करना चाहते थे। कई बार उनलोगों ने हत्या की साजिश रची, लेकिन कामयाब नहीं हो पाए। तिहाड़ जेल में टिल्लू के आते ही महज सात घंटे की तैयारी के बाद घटना को अंजाम दे दिया। स्पेशल सेल के गिरफ्त में आए टिल्लू के चारों हत्यारों ने पुलिस को बताया है कि उनलोगों ने हत्या की कैसे तैयारी की और उसे अंजाम तक कैसे पहुंचाया।

विज्ञापन


चारों हत्यारों योगेश टूंडा, दीपक तीतर, रियाज खान और राजेश बवानिया ने खुलासा किया कि 22 अप्रैल को टिल्लू को तिहाड़ जेल संख्या 8 में लाया गया। उनका सेल टिल्लू के सेल के ऊपर था। टिल्लू के जेल में आते ही सभी हत्यारे उसकी रेकी करने लगे। हत्यारों ने सबसे पहले इस बात पता लगाया कि वह कब अपने सेल से बाहर आता है और वह कैसे उसके पास पहुंच सकते हैं। पता चला कि सुबह जब सेल को खोला जाता है तभी उसपर हमला किया जा सकता है। इसके लिए उनको अपने सेल से निकलने का तरीका ढूंढना था। 
विज्ञापन


रियाज जेल के बाहर वेल्डिंग का काम करता था और वह पहले भी तिहाड़ में सलाखें तोड़ चुका था। इसलिए इस काम में रियाज को लगाया गया। रियाज ने बताया कि सलाखों को तोड़ने के लिए सबसे पहले उनलोगों ने सेल में जंग लगे रॉड को चुना। इस बीच दीपक तीतर और योगेश टूंडा चाकू को तैयार करने में जुट गए। इसके लिए उनलोगों ने बैरक में लगे एग्जॉस्ट फैन को खोला। फिर उसके चार क्लिप निकाले। उसको नुकीला और धारदार हथियार बनाने के लिए उनलोगों ने वॉशरूम से एक टाइल्स की खुरदरी साइड पर घिसना शुरू किया। 
विज्ञापन
विज्ञापन


साजिश का किसी को पता न चले इसलिए कैदियों के सोने के बाद करीब रात 11 बजे से उनलोगों ने यह काम शुरू किया। करीब सात घंटे की मशक्कत उनलोगों ने हथियार तैयार कर लिया और रॉड को इतना टेढ़ा कर दिया, जिससे आसानी से बाहर निकल सकें। टिल्लू के सेल से बाहर आते ही सभी चादर की मदद से नीचे उतर गए और उसपर हमला कर दिया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed