{"_id":"627ea718cc699b41995bb3a7","slug":"mundka-fire-delhi-people-jumped-from-the-roof-to-save-their-lives-in-the-fire-and-smoke","type":"story","status":"publish","title_hn":"Delhi Mundka Fire: आग और धुएं के गुबार में जान बचाने के लिए छत से कूद पड़े लोग, कई अब भी लापता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Delhi Mundka Fire: आग और धुएं के गुबार में जान बचाने के लिए छत से कूद पड़े लोग, कई अब भी लापता
Sat, 14 May 2022 07:52 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Sat, 14 May 2022 07:52 AM IST
सार
इमारत में फंसे लोग बाहर निकलने के लिए जद्दोजहद करने लगे। बताया जा रहा है कि आग लगते ही वहां पूरी मंजिल में धुंआ फैल गया जिसकी वजह से लोग कुछ देख नहीं पा रहे थे। कुछ लोगों ने ऊपर से छलांग लगाकर अपनी जान बचाई। कुछ मिनटों में ही आग पूरी इमारत में फैल गई। आग लगने की जानकारी मिलते ही आस पास के सैकड़ों लोग वहां पहुंच गए।
विज्ञापन
मुंडका में आग
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मुंडका में लगी आग के बाद अब भी अफरा-तफरी का माहौल है। स्थानीय लोगों ने बताया कि पहली मंजिल में आग लगते ही वहां अफरा-तफरी मच गई। इमारत में फंसे लोग बाहर निकलने के लिए जद्दोजहद करने लगे। बताया जा रहा है कि आग लगते ही वहां पूरी मंजिल में धुंआ फैल गया जिसकी वजह से लोग कुछ देख नहीं पा रहे थे। कुछ लोगों ने ऊपर से छलांग लगाकर अपनी जान बचाई। कुछ मिनटों में ही आग पूरी इमारत में फैल गई। आग लगने की जानकारी मिलते ही आस पास के सैकड़ों लोग वहां पहुंच गए।
विज्ञापन
लोगों ने इमारत में फंसे लोगों को बचाने की कोशिश करने लगे। सड़क के आस पास काफी भीड़ जमा हो गई जिसकी वजह से वहां जाम लग गया। वहां पहुंचने वाले कुछ ऐसे भी लोग थे जिनके अपने इमारत में स्थित कंपनी में काम करते थे। वह अपने परिचितों से फोन कर उनका हालचाल जानने की कोशिश कर रहे थे, जानकारी नहीं मिलने पर वह पुलिस के पास पहुंच रहे थे और जानकारी हासिल करने की कोशिश कर रहे थे। लोग यह जानने की कोशिश कर रहे थे कि कितने लोगों को अस्पताल पहुंचाया गया है। लोगों की भीड़ की वजह से राहत कार्य में भी दिक्कत आ रही थी। बाद में पुलिस ने लोगों को घटनास्थल से दूर हटाया और राहत कार्य में जुट गए।
विज्ञापन
अभी भी कुछ लोग हैं लापता, इमारत में चल रही थी बैठक
जांच के दौरान पता चला है कि घटना के समय तीसरी मंजिल पर एक कंपनी की बैठक चल रही थी। बैठक में काफी लोग मौजूद थे। आशंका जताई जा रही है कि आग लगने के बाद वहां से लोगों ने भागने की कोशिश की लेकिन कई लोग उसमें फंस गए। बताया जा रहा है कि बैठक में शामिल कुछ लोग अभी भी लापता हैं। ऐसे में आशंका जताई जा रही है कि इमारत से कई शव मिल सकते हैं। दमकल विभाग आग बुझाने के बाद तीसरी मंजिल पर भी सर्च ऑपरेशन शुरू करेगी। फिलहाल दमकल विभाग आग पर काबू पाने में जुटी है।
विज्ञापन
जान गंवाने वालों का गहरा दुख, लगातार अधिकारियों के संपर्क में हूं : मुख्यमंत्री
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने पश्चिमी दिल्ली के मुंडका में लगी भीषण आग में जानमाल के नुकसान पर दुख जताया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि वह लगातार अधिकारियों के संपर्क में हैं। मुख्यमंत्री केजरीवाल ने ट्वीट कर कहा है कि इस दुखद घटना के बारे में जानकारी से स्तब्ध और दुखी हूं। मैं लगातार वरिष्ठ अधिकारियों के संपर्क में हूं। हमारे बहादुर दमकलकर्मी आग पर काबू पाने और लोगों की जान बचाने के लिए लगातार प्रयासरत हैं। भगवान सबका भला करें। पुलिस ने बताया कि इमारत से करीब 60-70 लोगों को बचा लिया गया है, जबकि कुछ लोगों के अभी भी अंदर फंसे होने की आशंका जताई जा रही है। दमकल विभाग के अधिकारियों के मुताबिक शाम करीब 4.40 बजे आग लगने की सूचना मिली जिसके बाद दमकल की 25 से अधिक गाड़ियों को मौके पर भेजा गया। दमकल विभाग के एक अधिकारी ने इस घटना के बाद इमारत से 27 मृतकों को निकालने की पुष्टि की है।
आग बुझाने में इस्तेमाल की रोबोटिक मशीन
दमकल विभाग ने आग पर काबू करने के लिए रोबोटिक फायर फाइटिंग मशीन का इस्तेमाल किया। यह मशीन जर्मनी में बनी है। दमकल विभाग के पास ऐसी तीन मशीनें हैं। यह मशीन ऐसी जगहों पर लगी आग को बुझाने में सक्षम हैं, जहां दमकलकर्मी नहीं पहुंच पाते है। मशीन को 300 मीटर की दूरी से रिमोट के जरिए संचालित किया जाता है। रिमोट कंट्रोल के जरिए आग लगने वाली जगह पर मशीन को भेजा जाता है। आग, धुआं, गर्मी या किसी भी स्थिति में मशीन पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता है। इसमें सेना के टैंकों की तरह ट्रैक सिस्टम लगा हुआ है, जिसकी मदद से सीढ़ियों पर भी आसानी से चल सकती है। रोबोट में कैमरे लगे हैं, जिससे आग लगने वाली जगह पर यह पता लगाया जा सकता है कि वहां कोई फंसा तो नहीं है।
इमारत की फायर एनओसी नहीं थी : जैन
मुंडका में आग लगने की सूचना मिलते ही स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का जायजा लेने के बाद पुलिस और अग्निशमन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने कहा कि जांच में पता चला है कि इमारत की फायर एनओसी नहीं थी। हमारी प्राथमिकता फिलहाल लोगों को बचाना है, बाद में जांच की जाएगी।
कंपनी में बनते हैं सीसीटीवी कैमरे, 100 कर्मी कर रहे थे काम
सीसीटीवी कैमरे तैयार करने वाले कर्मी आग की लपटों के बीच इमारत में कैद हो गए। कपनी में 12 घंटे की एक शिफ्ट में काम चलता है और घटना के वक्त 100 से अधिक कर्मी इस इमारत में काम कर रहे थे। हादसे वाली बिल्डिंग में सीसीटीवी कैमरे बनाए जाते थे। सीसीटीवी कैमरे में राउटर्स सहित कई ऐसे छोटे उपकरणों का इस्तेमाल किया जाता है, जिनमें आग लगने से तपिश और बढ़ गई।
मेट्रो संचालन भी हुआ प्रभावित
यह इमारत रोहतक रोड के किनारे ही स्थित है। ऐसे में आग की लपटें ऊपर उठने के दौरान मेट्रो का परिचालन भी कुछ समय के लिए अवरुद्ध हो गया। बाद में आग को नियंत्रित करने के बाद परिचालन फिर से शुरू किया गया।
मौके पर पहुंची एनडीआरएफ की टीम
मुंडका में हादसे के बाद मौके पर आपदा राहत की टीम पहुंच गई है। घटना स्थल पर दिल्ली सरकार के मंत्री सत्येंद्र जैन भी पहुंचे।