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Hindi News ›   Delhi ›   May be Fee hike in Delhi Private Schools Directorate of Education sought proposals to increase fees

School Fees: अभिभावकों को लग सकता है फीस बढ़ोतरी का करंट, शिक्षा निदेशालय ने निजी स्कूलों से फीस बढ़ाने के लिए प्रस्ताव मांगे

Fri, 10 Jun 2022 06:41 AM IST
देव कश्यप अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली Published by: देव कश्यप Updated Fri, 10 Jun 2022 06:41 AM IST
सार

निदेशालय ने स्पष्ट किया कि किसी भी स्कूल द्वारा शुल्क वृद्धि के प्रस्ताव को मैन्युअल रूप से प्रस्तुत करने पर विचार नहीं किया जाएगा। जो स्कूल प्रस्ताव नहीं भेजेंगेे, उन्हें फीस बढ़ाने की अनुमति नहीं होगी।

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May be Fee hike in Delhi Private Schools Directorate of Education sought proposals to increase fees
सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

दिल्ली के निजी स्कूलों में फीस बढ़ोतरी अभिभावकों को जोर का झटका दे सकती है। दिल्ली सरकार के शिक्षा निदेशालय ने सरकारी एजेंसी से आवंटित जमीन पर बने स्कूलों से शैक्षणिक सत्र 2022-23 में फीस बढ़ाने के लिए प्रस्ताव मांगे हैं। स्कूलों को यह प्रस्ताव आवश्यक दस्तावेज के साथ 12 से 27 जून तक भेजने होंगे।

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निदेशालय ने स्पष्ट किया कि किसी भी स्कूल द्वारा शुल्क वृद्धि के प्रस्ताव को मैन्युअल रूप से प्रस्तुत करने पर विचार नहीं किया जाएगा। जो स्कूल प्रस्ताव नहीं भेजेंगेे, उन्हें फीस बढ़ाने की अनुमति नहीं होगी। स्कूलों की ओर से भेजे गए प्रस्ताव की शिक्षा निदेशालय द्वारा छंटनी की जाएगी। प्रस्ताव उचित पाए जाने पर ही फीस बढ़ाने की मंजूरी मिलेगी।
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शिक्षा निदेशालय के उपशिक्षा निदेशक (प्राइवेट स्कूल ब्रांच) योगेश पाल सिंह की ओर से फीस संबंधी प्रस्ताव भेजने के लिए निजी स्कूलों को एक आदेश जारी किया गया है। आदेश में कहा गया है कि स्कूलों को यह प्रस्ताव ऑनलाइन मॉड्यूल के माध्यम से भेजना होगा।
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बिना अनुमति फीस में बढ़ोतरी नहीं कर सकते
सरकारी जमीन पर चलने वाले स्कूलों को फीस बढ़ाने के लिए निदेशालय की अनुमति जरूरी है। बिना अनुमति के स्कूल किसी प्रकार से फीस में बढ़ोतरी नहीं कर सकते हैं। स्कूलों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि जब तक शिक्षा निदेशक द्वारा उनके प्रस्ताव को स्वीकृति नहीं दी जाती है, तब तक वे कोई शुल्क नहीं बढ़ाएंगे।

यदि स्कूल कोई प्रस्ताव प्रस्तुत नहीं करता, तो वह शैक्षणिक सत्र 2022-23 के लिए अपनी फीस में वृद्धि नहीं करेगा। यदि बिना मंजूरी के फीस बढ़ाने की शिकायत मिलती है तो निदेेशालय इसे गंभीरता से लेगा। तब स्कूल के खिलाफ अदालत के निर्देशों के अनुसार कार्रवाई की जाएगी, जिसमें डीडीए की ओर से लीज डीड भी रद्द की जा सकती है।

स्कूलों ने सरकार के आदेेश का स्वागत किया
अर्फोडेबल प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन के अध्यक्ष लक्ष्य छाबड़िया ने कहा कि स्कूलों की फीस कई साल सेे नहीं बढ़ी है, जिसकी बहुत आवश्यकता है। कोरोना काल में स्कूलों को बहुत ज्यादा नुकसान हुआ है और उनके खर्च तक नहीं निकले हैं। ऐसे में उन्होंने सरकार की इस पहल का स्वागत किया है।


बीच सत्र में फीस बढ़ोतरी के लिए प्रस्ताव मांगना गलत
दिल्ली पैरेंटस एसोसिएशन की अध्यक्ष अपराजिता गौतम ने कहा कि बीच सत्र में फीस बढ़ोतरी के प्रस्ताव मांगने का आदेश देना गलत है। यह सरकार की विफलता को दिखाता है। शैक्षणिक सत्र 2022-23 को शुरू हुए लगभग तीन महीने हो गए हैं। जबकि कोर्ट का एक पुराना आदेश कहता है कि स्कूल बीच में फीस नहीं बढ़ा सकते हैं।

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