{"_id":"68a9e5ef92520bcd2b0b30d2","slug":"lawyers-strike-continues-in-district-courts-work-halted-ashram-news-c-340-1-del1004-102153-2025-08-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Delhi News: जिला अदालतों में वकीलों की हड़ताल जारी, कामकाज ठप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Delhi News: जिला अदालतों में वकीलों की हड़ताल जारी, कामकाज ठप
विज्ञापन
- एलजी के आदेश के विरोध में सोमवार को भी न्यायिक कार्य नहीं करेंगे अधिवक्ता
संवाद न्यूज एजेंसी
नई दिल्ली। दिल्ली की सभी जिला अदालतों में वकीलों ने उपराज्यपाल (एलजी) की तरफ से जारी अधिसूचना के विरोध में शनिवार को भी अपनी हड़ताल जारी रखी। इस दौरान तीस हजारी, साकेत, रोहिणी, कड़कड़डूमा, और द्वारका सहित सभी जिला अदालतों में वकील न तो व्यक्तिगत रूप से और न ही वर्चुअल माध्यम से पेश हुए। हड़ताल के चलते कई मामलों की सुनवाई प्रभावित हुई। पक्षकारों को नई तारीखें दी गईं।
हड़ताल के दौरान जिला अदालतों में पूरा कामधाम ठप नजर आया। कोर्ट में न्यायाधीश और कर्मचारी मौजूद रहे, लेकिन वकीलों की अनुपस्थिति के चलते किसी भी केस की सुनवाई नहीं हो सकी। वकील अपने-अपने चेंबर में रहे और सामूहिक रूप से विरोध दर्ज कराया। इस संबंध में शनिवार को कोऑर्डिनेशन कमेटी ऑफ ऑल डिस्ट्रिक्ट कोर्ट बार एसोसिएशंस की बैठक तीस हजारी कोर्ट में हुई। समिति ने सोमवार को भी हड़ताल जारी रहने का निर्णय लिया। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया है कि लोक अभियोजकों, ईडी, सीबीआई, पुलिस अधिकारियों सहित एनएआईबी अदालतों को भी अदालतों में पेश होने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
अधिसूचना वापस नहीं ली गई तो करेंगे प्रदर्शन
समिति ने कहा कि सोमवार तक अधिसूचना वापस नहीं ली गई तो वकील उपराज्यपाल आवास का घेराव सहित विरोध प्रदर्शन तेज करने के लिए बाध्य होंगे। वहीं, समन्वय समिति ने इस मुद्दे पर एकजुटता दिखाने वाले उच्च न्यायालय और सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन के प्रस्तावों को स्वीकार और सराहना की।
विज्ञापन
निष्पक्षता खतरें में पड़ने की जताई आशंका
वकीलों ने कहा कि पुलिस थानों से बयान दर्ज करने की प्रक्रिया से मुकदमों की निष्पक्षता खतरे में पड़ सकती है। पुलिस अधिकारी आंतरिक दस्तावेजों या बाहरी मदद का उपयोग कर सकते हैं। वहीं, बार एसोसिएशन के सदस्यों ने कहा कि सरकार का यह फैसला कि पुलिस थानों से गवाहियों को रिमोट मोड पर रिकॉर्ड किया जाएगा, न्याय प्रणाली की पारदर्शिता पर गहरी चोट है। उन्होंने कहा कि कोर्ट को यह कैसे पता चलेगा कि गवाही देने वाले व्यक्ति पर कोई दबाव है या नहीं और उसके आसपास कौन मौजूद है। इससे फेयरनेस बिल्कुल खत्म हो जाएगी।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
नई दिल्ली। दिल्ली की सभी जिला अदालतों में वकीलों ने उपराज्यपाल (एलजी) की तरफ से जारी अधिसूचना के विरोध में शनिवार को भी अपनी हड़ताल जारी रखी। इस दौरान तीस हजारी, साकेत, रोहिणी, कड़कड़डूमा, और द्वारका सहित सभी जिला अदालतों में वकील न तो व्यक्तिगत रूप से और न ही वर्चुअल माध्यम से पेश हुए। हड़ताल के चलते कई मामलों की सुनवाई प्रभावित हुई। पक्षकारों को नई तारीखें दी गईं।
हड़ताल के दौरान जिला अदालतों में पूरा कामधाम ठप नजर आया। कोर्ट में न्यायाधीश और कर्मचारी मौजूद रहे, लेकिन वकीलों की अनुपस्थिति के चलते किसी भी केस की सुनवाई नहीं हो सकी। वकील अपने-अपने चेंबर में रहे और सामूहिक रूप से विरोध दर्ज कराया। इस संबंध में शनिवार को कोऑर्डिनेशन कमेटी ऑफ ऑल डिस्ट्रिक्ट कोर्ट बार एसोसिएशंस की बैठक तीस हजारी कोर्ट में हुई। समिति ने सोमवार को भी हड़ताल जारी रहने का निर्णय लिया। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया है कि लोक अभियोजकों, ईडी, सीबीआई, पुलिस अधिकारियों सहित एनएआईबी अदालतों को भी अदालतों में पेश होने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
विज्ञापन
अधिसूचना वापस नहीं ली गई तो करेंगे प्रदर्शन
समिति ने कहा कि सोमवार तक अधिसूचना वापस नहीं ली गई तो वकील उपराज्यपाल आवास का घेराव सहित विरोध प्रदर्शन तेज करने के लिए बाध्य होंगे। वहीं, समन्वय समिति ने इस मुद्दे पर एकजुटता दिखाने वाले उच्च न्यायालय और सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन के प्रस्तावों को स्वीकार और सराहना की।
विज्ञापन
निष्पक्षता खतरें में पड़ने की जताई आशंका
वकीलों ने कहा कि पुलिस थानों से बयान दर्ज करने की प्रक्रिया से मुकदमों की निष्पक्षता खतरे में पड़ सकती है। पुलिस अधिकारी आंतरिक दस्तावेजों या बाहरी मदद का उपयोग कर सकते हैं। वहीं, बार एसोसिएशन के सदस्यों ने कहा कि सरकार का यह फैसला कि पुलिस थानों से गवाहियों को रिमोट मोड पर रिकॉर्ड किया जाएगा, न्याय प्रणाली की पारदर्शिता पर गहरी चोट है। उन्होंने कहा कि कोर्ट को यह कैसे पता चलेगा कि गवाही देने वाले व्यक्ति पर कोई दबाव है या नहीं और उसके आसपास कौन मौजूद है। इससे फेयरनेस बिल्कुल खत्म हो जाएगी।