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केजी से आठवीं तक के सभी स्कूलों के बच्चे प्रमोट हों, शिक्षा निदेशालय ने अब इन स्कूलों के लिए जारी किए निर्देश
Tue, 02 Mar 2021 11:49 PM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: शाहरुख खान
Updated Tue, 02 Mar 2021 11:49 PM IST
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दिल्ली सरकारी स्कूल
- फोटो : Manish Shishodia Facebook
दिल्ली सरकार ने अब निजी, एमसीडी व स्थानीय निकाय के स्कूलों के केजी से आठवीं तक केबच्चों को प्रमोट करने के लिए कहा है। शिक्षा निदेशालय की ओर से इस संबंध में एक सकुर्लर जारी किया गया है।
इसमें कहा गया है कि निजी, एनडीएमसी, व अन्य स्थानीय निकाय केअंर्तगत आने वाले स्कूलों के केजी से आठवीं तक केसभी छात्रों को नो-डिटेंशन पॉलिसी के तहत अगली कक्षा में प्रमोट किया जाए।
इससे पहले शिक्षा निदेशालय सरकारी व सहायता प्राप्त स्कूलों को नो-डिटेंशन पॉलिसी के आधार पर बच्चों को प्रमोट करने के लिए निर्देशित किया गया था। सकुर्लर में कहा गया है कि नो-डिटेंशन पॉलिसी 14 साल तक केबच्चों के लिए लागू है। लिहाजा स्कूल इस पॉलिसी को अपनाए।
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यह भी कहा गया है कि यदि कोई स्कूल प्राइमरी-अपर प्राइमरी कक्षाओं के बच्चों केसीखने केस्तर का मूल्यांकन करना चाहता है तो वह कर सकता है। लेकिन इसकेलिए छात्रों को स्कूल ना बुलाया जाया। मालूम हो कि कोविड-19 के कारण बीते मार्च से सभी स्कूल बंद है। लिहाजा बच्चों का पेन पेपर मोड में मूल्यांकन करना संभव नहीं हो रहा है।
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इसमें कहा गया है कि निजी, एनडीएमसी, व अन्य स्थानीय निकाय केअंर्तगत आने वाले स्कूलों के केजी से आठवीं तक केसभी छात्रों को नो-डिटेंशन पॉलिसी के तहत अगली कक्षा में प्रमोट किया जाए।
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इससे पहले शिक्षा निदेशालय सरकारी व सहायता प्राप्त स्कूलों को नो-डिटेंशन पॉलिसी के आधार पर बच्चों को प्रमोट करने के लिए निर्देशित किया गया था। सकुर्लर में कहा गया है कि नो-डिटेंशन पॉलिसी 14 साल तक केबच्चों के लिए लागू है। लिहाजा स्कूल इस पॉलिसी को अपनाए।
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यह भी कहा गया है कि यदि कोई स्कूल प्राइमरी-अपर प्राइमरी कक्षाओं के बच्चों केसीखने केस्तर का मूल्यांकन करना चाहता है तो वह कर सकता है। लेकिन इसकेलिए छात्रों को स्कूल ना बुलाया जाया। मालूम हो कि कोविड-19 के कारण बीते मार्च से सभी स्कूल बंद है। लिहाजा बच्चों का पेन पेपर मोड में मूल्यांकन करना संभव नहीं हो रहा है।