{"_id":"5cf9a5d0bdec22078148a700","slug":"unitech-to-return-rs-3-lakh-to-two-flat-buyers","type":"story","status":"publish","title_hn":"यूनिटेक को लौटाने होंगे दो फ्लैट खरीदारों को 53 लाख रुपये","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यूनिटेक को लौटाने होंगे दो फ्लैट खरीदारों को 53 लाख रुपये
Fri, 07 Jun 2019 05:16 AM IST
दुष्यंत शर्मा
एजेंसी, नई दिल्ली
एजेंसी, नई दिल्ली
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Fri, 07 Jun 2019 05:16 AM IST
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कई तरह के विवादों में फंसी रियल एस्टेट कंपनी यूनिटेक को राष्ट्रीय उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग (एनसीडीआरसी) ने तगड़ा झटका दिया है।
आयोग ने अपनी बिल्डिंग में फ्लैट का कब्जा देने में नाकाम रहने पर यूनिटेक को अपने दो खरीदारों के 53,73,561 रुपये तीन महीने के अंदर लौटाने का आदेश दिया है। साथ ही आयोग ने कंपनी को इस रकम के पूरा चुकता होने तक 10 फीसदी वार्षिक की दर से ब्याज भी चुकाने को कहा है।
गुड़गांव निवासी अभिषेक और मणि अग्रवाल ने यूनिटेक रिलाएबल प्रोजेक्ट्स लिमिटेड कंपनी की तरफ से ग्रेटर नोएडा की यूनिवर्ल्ड सिटी में बनाए जा रहे आवासीय अपार्टमेंट कापेला में फ्लैट बुक कराए थे। अलॉटमेंट लेटर के हिसाब से कंपनी को 30 नवंबर, 2011 तक इन दोनों को फ्लैट बनाकर देना था।
बाद में बिल्डर ने दोनों का अलॉटमेंट अपने एक अन्य प्रोजेक्ट यूनिटेक वर्व में शिफ्ट कर दिया था। इस प्रोजेक्ट में उन्हें 29 जून, 2012 तक फ्लैट का कब्जा दे दिए जाने का वादा किया गया था। लेकिन बिल्डर उन्हें तय तारीख पर फ्लैट नहीं दे पाया। इसके बाद दोनों खरीदारों ने आयोग में शिकायत दर्ज कराई थी।
विज्ञापन
इस शिकायत पर फैसला देते हुए बृहस्पतिवार को आयोग के पीठासीन सदस्य जस्टिस वीके जैन ने कंपनी को 3 महीने के अंदर पीड़ितों का पैसा लौटाने को कहा। साथ ही उन्होंने पीड़ित फ्लैट खरीदारों को कानूनी खर्च के तौर पर 25 हजार रुपये चुकाने के आदेश भी कंपनी को दिए।
विज्ञापन
आयोग ने अपनी बिल्डिंग में फ्लैट का कब्जा देने में नाकाम रहने पर यूनिटेक को अपने दो खरीदारों के 53,73,561 रुपये तीन महीने के अंदर लौटाने का आदेश दिया है। साथ ही आयोग ने कंपनी को इस रकम के पूरा चुकता होने तक 10 फीसदी वार्षिक की दर से ब्याज भी चुकाने को कहा है।
गुड़गांव निवासी अभिषेक और मणि अग्रवाल ने यूनिटेक रिलाएबल प्रोजेक्ट्स लिमिटेड कंपनी की तरफ से ग्रेटर नोएडा की यूनिवर्ल्ड सिटी में बनाए जा रहे आवासीय अपार्टमेंट कापेला में फ्लैट बुक कराए थे। अलॉटमेंट लेटर के हिसाब से कंपनी को 30 नवंबर, 2011 तक इन दोनों को फ्लैट बनाकर देना था।
विज्ञापन
बाद में बिल्डर ने दोनों का अलॉटमेंट अपने एक अन्य प्रोजेक्ट यूनिटेक वर्व में शिफ्ट कर दिया था। इस प्रोजेक्ट में उन्हें 29 जून, 2012 तक फ्लैट का कब्जा दे दिए जाने का वादा किया गया था। लेकिन बिल्डर उन्हें तय तारीख पर फ्लैट नहीं दे पाया। इसके बाद दोनों खरीदारों ने आयोग में शिकायत दर्ज कराई थी।
विज्ञापन
इस शिकायत पर फैसला देते हुए बृहस्पतिवार को आयोग के पीठासीन सदस्य जस्टिस वीके जैन ने कंपनी को 3 महीने के अंदर पीड़ितों का पैसा लौटाने को कहा। साथ ही उन्होंने पीड़ित फ्लैट खरीदारों को कानूनी खर्च के तौर पर 25 हजार रुपये चुकाने के आदेश भी कंपनी को दिए।