उमर खालिद को 24 घंटे में सुरक्षा देने की सिफारिश, छात्र नेता को जान का खतरा
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जेएनयू के छात्र नेता उमर खालिद को जल्द ही सुरक्षा उपलब्ध कराई जा सकती है। स्पेशल सेल ने छात्र नेता को 24 घंटे सुरक्षा उपलब्ध कराने की सिफारिश दिल्ली पुलिस मुख्यालय में की है। सिफारिश में कहा गया है कि देश विरोधी गतिविधियों के चलते उमर खालिद पर हमले हो रहे हैं और उसकी जान को खतरा है।
एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि जुलाई महीने में दिल्ली पुलिस मुख्यालय ने स्पेशल सेल को पत्र भेजकर जांच करने के लिए कहा था कि उमर खालिद को सुरक्षा दी जाए या नहीं।
इसके बाद उमद खालिद को 15 अगस्त को स्पेशल सेल के कार्यालय में बुलाया गया था। इस दौरान उससे सुरक्षा देने या नहीं देने को लेकर काफी देर तक पूछताछ भी की गई थी। स्पेशल सेल ने पुलिस मुख्यालय को एक दिन पहले दी सिफारिश में कहा है कि उमर खालिद को सुरक्षा दी जाए।
उसके सुरक्षा में 24 घंटे एक पीएसओ तैनात किया जाए। स्पेशल सेल ने ये भी कहा है कि देश विरोधी नारे लगाने व गतिविधियों के चलते उमर खालिद पर हमले हो रहे हैं। उमर खालिद की जान को खतरा है। दूसरी तरफ गत 13 अगस्त को उमर खालिद पर हमला करने वालों की भी पहचान हो गई है। हालांकि उनका कोई सुराग हाथ नहीं लगा है।
दो बार मिली धमकी, एक बार हमला
उमर खालिद को दो बार धमकी मिल चुकी है। एक फरवरी 2016 को उमर खालिद को रवि पुजारी ने धमकी दी थी। इस बाबत उमर खालिद ने वसंतकुंज थाने में मामला दर्ज कराया था।
इसके बाद 2016 में ही उत्तर प्रदेश नव निर्माण सेना के अमित जानी ने फेसबुक के जरिए उमर खालिद को धमकी दी। इसके अलावा इंडिया गेट के पास बस में पिस्टल व पत्र भी मिल चुका है, जिसमें उमर खालिद पर हमला करने की बात कही गई थी।
हालांकि, तिलक मार्ग थाना पुलिस ने बस में हथियार रखने और धमकी देने के मामले में मेरठ निवासी अमित जानी को गिरफ्तार कर लिया था। इसके बाद 13 अगस्त को कंस्टीट्यूशन क्लब के बाहर उमर खालिद पर हमला भी किया गया।