घर छोड़ भागे बच्चों ने सुनाई पिता के हैवानियत की दहला देने वाली कहानी
पिटाई से डरकर बंगाल पहुंचे दो मासूम भाई
शराब पीकर दोनों को बुरी तरह पीटता था सौतेला पिता
असली पिता हुगली में है, बच्चों को वापस लाई पुलिस
सौतेले पिता पर कार्रवाई करने की पुलिस कर रही तैयारी
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गीता कॉलोनी में सौतेले पिता की पिटाई से डरकर सात और आठ साल के दो मासूम भाई पश्चिम बंगाल के हुगली पहुंच गए। दरअसल, बच्चों का असली पिता हुगली में रहता है। इधर, सौतेले पिता ने गीता कॉलोनी थाने में दोनों के अपहरण का मुकदमा दर्ज करा दिया।
पुलिस छानबीन करते हुए हुगली पहुंची, तो दोनों मासूमों ने दर्द भरी कहानी पुलिस को सुनाई। पुलिस दोनों मासूमों को दिल्ली ले आई है। पुलिस बच्चों का बयान लेकर सौतेले पिता के खिलाफ कार्रवाई करने की तैयारी कर रही है।
पुलिस के मुताबिक, सलमान (8) और सलीम (7) मां मोना व सौतेले पिता इमरान के साथ गीता कॉलोनी में रहते हैं। सलमान चौथी, जबकि सलीम तीसरी कक्षा का छात्र है।
मोना की पहली शादी पश्चिम बंगाल निवासी सैदुल से हुई थी। सैदुल ही सलमान व सलीम का असली पिता है। विवाद के बाद मोना व सैदुल ने तलाक ले लिया था। बच्चे मोना के पास दिल्ली में थे, जबकि सैदुल हुगली में रहने लगा था।
इधर, बाद में मोना ने इमरान से शादी कर ली। आरोप है कि इमरान शराब पीकर दोनों बच्चों को बुरी तरह पीटता था। आठ जुलाई को बच्चे बहाने से घर से निकले और नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंच गए।
यहां से दोनों पश्चिम बंगाल जाने वाली ट्रेन में सवार हो गए। पश्चिम बंगाल पहुंचकर दोनों किसी तरह हुगली अपने असली पिता तक पहुंच गए। जिला पुलिस उपायुक्त नूपुर प्रसाद ने बताया कि छानबीन में पता चला कि बच्चों का असली पिता हुगली में रहता है।
एक टीम को फौरन हुगली रवाना किया। वहां सैदुल का पता लगाकर टीम जब उसके घर पहुंची तो बच्चे सकुशल मिल गए।