तनाव फैलाने की कोशिश, दादरी के प्राचीन मंदिर में मू्र्ति खंडित
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गांव जारचा में गुलावठी रोड स्थित प्राचीन दुर्गा मंदिर पर बुधवार को मां सरस्वती की मूर्ति खंडित करने का मामला सामने आया है। एक सप्ताह के भीतर मंदिर में देवी-देवताओं की मूर्ति खंडित किए जाने का ये दूसरा मामला है।
लोगों का आरोप है कि क्षेत्र में माहौल बिगाड़ने की साजिश की जा रही है। ग्रामीणों ने दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। मिली जानकारी के अनुसार जारचा गांव में गुलावठी रोड पर मां दुर्गा का प्राचीन मंदिर है।
उसको वैष्णो दरबार के नाम से भी पुकारा जाता है। मंदिर में देवी मां, काली मां और सरस्वती मां की मूर्तियां स्थापित हैं। नवरात्र के दिनों में महिलाएं और पुरुष पूजा अर्चना के लिए मंदिर आते हैं। बुधवार को असामाजिक तत्वों ने मां सरस्वती की मूर्ति खंडित कर दी।
ग्रामीण मंदिर में पहुंचे तो मूर्ति को खंडित देख दंग रह गए
ग्रामीण पूजा अर्चना के लिए मंदिर पर पहुंचे तो मूर्ति को खंडित देख दंग रह गए। सूचना मिलने पर वहां ग्रामीण एकत्र हो गए। ग्रामीणों ने सूझ-बूझ का परिचय देते हुए खंडित मूर्ति को मंदिर से हटा दिया। वहीं घटना की जानकारी जारचा पुलिस को दी गई। पुलिस ने ग्रामीणों को समझा बुझाकर वापस भेज दिया।
ग्रामीणों ने बताया कि पिछले दिनों शनि मंदिर पर भोले बाबा की मूर्ति भी खंडित कर दी गई थी। अब मां सरस्वती की मूर्ति तोड़कर असामाजिक तत्व क्षेत्र में तनाव फैलाने की कोशिश कर रहे हैं।
ग्रामीणों ने असामाजिक तत्वों को तलाश कर उनके खिलाफ कार्रवाई कराने की मांग की है। कोतवाली जारचा प्रभारी रविंद्र राठी का कहना है कि मामला जानकारी में आया है। गांव के कुछ लोग एक दूसरे पर आरोप लगा रहे है। मामले की जांच की जा रही है। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।