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Delhi NCR News: पंडित भजन सोपोरी दिवस पर सुरों से दी श्रद्धांजलि
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संवाद न्यूज एजेंसी
नई दिल्ली। संतूर के संत के रूप में विख्यात पंडित भजन सोपोरी की निर्वाण तिथि पर कमानी ऑडिटोरियम के झंकार हॉल में ‘पंडित भजन सोपोरी दिवस-संगीतकारों का दिवस’ का आयोजन किया गया। दिनभर चले इस विशेष कार्यक्रम में देशभर से आए कलाकारों ने संगीत प्रस्तुतियों के माध्यम से उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम में गायन, संतूर, सितार, सरोद, बांसुरी, सारंगी, तबला और गजल की प्रस्तुतियों ने श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। अनेक युवा और वरिष्ठ संगीतकारों ने अपनी प्रस्तुतियों से पंडित सोपोरी की समृद्ध संगीत विरासत को याद किया। संगत कलाकारों ने भी अपनी कला से आयोजन को गरिमा प्रदान की। इस अवसर पर पंडित चेतन जोशी, उस्ताद असगर हुसैन और अन्य वरिष्ठ कलाकारों ने पंडित भजन सोपोरी के संगीत एवं सांस्कृतिक योगदान को याद किया। सोपोरी परिवार के सदस्य, शिष्य और संगीत प्रेमी भी बड़ी संख्या में मौजूद रहे। पूरे आयोजन के दौरान श्रद्धा, संगीत और सांस्कृतिक एकता का अनूठा संगम देखने को मिला।
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नई दिल्ली। संतूर के संत के रूप में विख्यात पंडित भजन सोपोरी की निर्वाण तिथि पर कमानी ऑडिटोरियम के झंकार हॉल में ‘पंडित भजन सोपोरी दिवस-संगीतकारों का दिवस’ का आयोजन किया गया। दिनभर चले इस विशेष कार्यक्रम में देशभर से आए कलाकारों ने संगीत प्रस्तुतियों के माध्यम से उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम में गायन, संतूर, सितार, सरोद, बांसुरी, सारंगी, तबला और गजल की प्रस्तुतियों ने श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। अनेक युवा और वरिष्ठ संगीतकारों ने अपनी प्रस्तुतियों से पंडित सोपोरी की समृद्ध संगीत विरासत को याद किया। संगत कलाकारों ने भी अपनी कला से आयोजन को गरिमा प्रदान की। इस अवसर पर पंडित चेतन जोशी, उस्ताद असगर हुसैन और अन्य वरिष्ठ कलाकारों ने पंडित भजन सोपोरी के संगीत एवं सांस्कृतिक योगदान को याद किया। सोपोरी परिवार के सदस्य, शिष्य और संगीत प्रेमी भी बड़ी संख्या में मौजूद रहे। पूरे आयोजन के दौरान श्रद्धा, संगीत और सांस्कृतिक एकता का अनूठा संगम देखने को मिला।