उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा- हिंदुस्तानियों के लिए कला जिंदगी जीने का अंदाज और कलाकार जीने का सहारा
- दिल्ली सरकार ने वर्ष 2016 और 2017 में दिया था पुरस्कार, कोविड के कारण नहीं दिया जा सका था सम्मान
- मंत्री ने कहा- कला और कलाकारों को आगे बढ़ाने के लिए हर संभव कदम उठाएगी सरकार
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दिल्ली सरकार ने शुक्रवार को राजधानी के 16 ऐसे कलाकारों को सम्मानित किया जिन्होंने हस्तशिल्प कला के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य किया है। इस अवसर पर दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा कि हम भारतीय लोगों के लिए कला जिंदगी जीने का एक अंदाज होती है और कलाकार इस जिंदगी को संवारने वाले खूबसूरत सहारे की तरह होते हैं। ये हमारी जिंदगी को बेहद प्यारे रंग से भरते हैं और हमें खुशी का अहसास कराते हैं। उद्योग मंत्री सत्येंद्र जैन ने भी इस कार्यक्रम में भाग लिया। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार कलाकारों को प्रोत्साहित करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाएगी।
दिल्ली सचिवालय में आयोजित एक कार्यक्रम में मनीष सिसोदिया ने कहा कि दुनिया नई तकनीक की तरफ तेजी से आगे बढ़ रही है, लेकिन इसके बाद भी हस्तशिल्प कला का अपना एक अलग ही अंदाज है। इसकी जैसी खूबसूरती मशीनों से कभी नहीं आ सकती। उन्होंने कहा कि हम मशीनों के साथ नहीं जिंदा रह सकते, लेकिन कला और कलाकारों के साथ जिंदा रह सकते हैं।
दरअसल कलाकारों को प्रोत्साहित करने के लिए दिल्ली सरकार ने यह अवॉर्ड वर्ष 2016 और 2017 में चयनित लोगों को दिया था। लेकिन कोविड की वजह से अभी तक चयनित लोगों को ये अवॉर्ड नहीं दिया जा सके थे। उन्हीं कलाकारों को अब सम्मानित किया गया है।
उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा कि आज प्रतियोगिता का युग है। अनेक देशों से सस्ते और तकनीक के मामले में बेहतर सामान हमारे सामने आ रहे हैं। इसका नकारात्मक असर हमारे कलाकारों को उठाना पड़ा है। लेकिन इसके बाद भी उनका महत्व कम नहीं हुआ है। मंत्री ने कहा कि सरकार कलाकारों और कला दोनों को बचाने के लिए और उन्हें आगे बढ़ाने के लिए हर संभव उपाय करेगी।