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सम-विषम से कॉरिडोर पर मेट्रो में बढ़ी यात्रियों की संख्या
ब्यूरो / अमर उजाला, फरीदाबाद
Updated Thu, 07 Jan 2016 06:58 PM IST
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दिल्ली में वाहनों का सम-विषम फॉर्मूला लागू होने का असर मेट्रो के फरीदाबाद कॉरिडोर पर पड़ा है। फॉर्मूला लागू होने से इस रूट पर यात्रियों की संख्या में सात फीसदी इजाफा हुआ है।
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चिंता की बात यह है कि इसके बावजूद औद्योगिक नगरी का प्रदूषण स्तर खतरनाक स्तर पर ही बना हुआ है। डीएमआरसी की ओर से फरीदाबाद कॉरिडोर पर यात्री संख्या के आंकड़े जारी किए गए हैं।
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आंकड़ों के मुताबिक दिसंबर माह के अंतिम दो दिनों में इस रूट के नौ स्टेशनों पर यात्रियों का औसत 45 हजार से अधिक रहा। दिल्ली में सम-विषम फॉर्मूला लागू होने के बाद यह और 48 हजार से अधिक का हो गया।
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यानी फार्मूला लागू होने के बाद यात्री संख्या सात फीसदी बढ़ी है। इसका अर्थ लगाया जा रहा है कि औद्योगिक नगरी के करीब तीन हजार लोगों ने कार का त्याग कर मेट्रो का सहारा लिया। बावजूद इसके औद्योगिक शहर की आबोहवा चिंताजनक बनी हुई है, क्योंकि प्रदूषण के स्तर से नीचे नहीं आया है।
6 जनवरी को यहां के वायुमंडल में पीएम 2.5 सीमा से कहीं अधिक 442 माइक्रोग्राम प्रति घनमीटर पाया गया। मालूम हो कि औद्योगिक नगरी का वायुमंडल सम-विषम फॉर्मूला लागू होने से पहले से ही प्रदूषित था।
मेट्रो प्रवक्ता ने बताया कि दिल्ली में वाहनों का ईवन-ऑड फॉर्मूला लागू होने से फरीदाबाद कॉरीडोर पर औसतन तीन हजार यात्री प्रतिदिन का इजाफा हुआ है।
यात्री तो बढ़े लेकिन फिर भी कम-
डीएमआरसी ने प्रोजेक्ट तैयार करते समय फरीदाबाद कॉरिडोर पर प्रतिदिन 1.94 लाख यात्री चलने का अनुमान लगाया था। मेट्रो शुरू होने के बाद से अब तक डीएमआरसी 50 हजार यात्री प्रतिदिन का आंकड़ा भी नहीं छू पाई है।
दिल्ली में वाहनों का सम-विषम फॉर्मूला लागू होने के बाद यहां औसतन तीन हजार यात्री तो बढ़े हैं लेकिन यह संख्या भी डीएमआरसी की कसौटी से काफी कम है।