फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Sushil Gupta said Prime Minister not to become Chief Minister of Delhi

दिल्ली विधानसभा चुनावः सुशील गुप्ता ने कहा, प्रधानमंत्री को दिल्ली का मुख्यमंत्री थोड़े बनना है

Sat, 01 Feb 2020 05:39 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Sat, 01 Feb 2020 05:39 AM IST
विज्ञापन
Sushil Gupta said Prime Minister not to become Chief Minister of Delhi
सुशील गुप्ता - फोटो : अमर उजाला

दिल्ली की सियासी जंग आखिरी चरण में पहुंच गई है। आम आदमी पार्टी (आप) पूरे जोर शोर के साथ चुनावी मैदान में हैं। इस सबके बीच आप के चुनावी रणनीतिकार व सांसद सुशील गुप्ता ने अमर उजाला के साथ पार्टी की चुनावी रणनीति पर खुलकर बातचीत की। पेश है बातचीत के प्रमुख अंश।

विज्ञापन


चुनाव प्रचार आखिरी चरण में है। प्रधानमंत्री भी तीन फरवरी को प्रचार करेंगे। कितनी बड़ी चुनौती है?
मोदी जी को दिल्ली का मुख्यमंत्री थोड़े ही बनना है। अगर वह मुख्यमंत्री बनने को तैयार हैं तो इस पर सोचा जाए। वैसे भी भाजपा के 200 सांसदों समेत बड़ी संख्या में केंद्रीय मंत्री व मुख्यमंत्री दिल्ली में घूम रहे हैं। लेकिन दिल्लीवालों का सवाल यही है कि केजरीवाल के सामने कौन ? इसका जवाब न तो भाजपा दे पाई है और न ही कांग्रेस। 
विज्ञापन


पर गृहमंत्री अमित शाह का अभियान तो बहुत आक्रामक है?
वह देश के गृह मंत्री हैं। उनके अधीन दिल्ली पुलिस आती है। लेकिन पुलिस के सामने जामिया में बृहस्पतिवार को सरे राह फायरिंग हुई। दिल्ली में कानून व्यवस्था जैसी चीज खत्म है। लोग इसे समझ रहे हैं। उनके मैदान में आने या न आने से कोई फर्क नहीं पड़ेगा। दिल्ली के लोग इस बार काम पर वोट करने जा रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


इतने भरोसे के साथ कैसे कह सकते हैं?
चुनाव की घोषणा के बाद से पूरी दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में जा रहा हूं। रोज बहुत से लोगों से मुलाकात होती है। इस बार सब खुलकर बोल रहे हैं कि वोट काम पर ही पड़ेगा। भरोसा लोगों के बीच रहकर बना है।

लेकिन भाजपा तो कह रही है कि उसने दिल्ली के लिए बहुत से काम किए हैं?
भाजपा की केंद्र सरकार ने बस अड़चन लगाने का काम किया है। अनधिकृत कॉलोनियों को ही देखिए। कॉलोनियों को अधिकृत करने के मामले में देश के प्रधानमंत्री का नाम झूठे पोस्टर लगाए गए। रजिस्ट्री का मतलब अधिकृत नहीं होता। चुनाव से पहले भाजपा ने लोगों को गुमराह करने की नाकाम कोशिश की थी।

भाजपा के प्रचार अभियान में भारत-पाकिस्तान भी हो रहा है?
अजीब बात है। भाजपा के लोग कह रहे हैं कि जो उनको वोट देगा, वह हिंदुस्तानी। जबकि वोट न करने वाला पाकिस्तानी। देश के लोग पाकिस्तानी कैसे हो गए? चुनाव में इस तरह के मसले भाजपा इसलिए उभार रही है क्योंकि उसके पास काम के नाम पर बताने को कुछ नहीं है। जबकि दिल्ली सरकार के काम आम लोग खुद ही गिना रहे हैं।


आप के नेता सीएए और एनआरसी पर मुखर क्यों नहीं हैं?
आप ने सीएए के विरोध में पार्लियामेंट में वोट किया था। हमारा संदेश स्पष्ट है। लेकिन भाजपा चाहती है कि लोग सड़कों पर बैठे रहें। अगर ऐसा नहीं है तो दिल्ली पुलिस रास्ता खाली क्यों करवाती? यह केंद्र सरकार का मुद्दा है। दिल्ली सरकार इसमें कुछ नहीं कर सकती। दिल्ली के लोग भाजपा की साजिश का बखूबी समझ रहे हैं। 8 फरवरी को ईवीएम का बटन दबाकर वह जवाब भी देंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed