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छात्रों की पहचान कॉलेज-विवि से होती है : आशीष सूद
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-आत्मा राम सनातन धर्म कॉलेज के स्थापना दिवस को किया संबोधित
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली सरकार के शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने कहा कि किसी भी छात्र के जीवन से उसके कॉलेज का बहुत गहरा संबंध होता है। कॉलेज से ही उसकी पहचान होती है। कॉलेज और यूनिवर्सिटी हमें बहुत कुछ देती है। यह बातें उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) के आत्मा राम सनातन धर्म कॉलेज में रविवार को 66वें स्थापना दिवस समारोह में कहीं।
उन्होंने कहा कि डिग्री मिलने के बाद बढ़िया नौकरी, गाड़ी, घर क्या यही विश्वविद्यालय का जीवन में योगदान है। हमारा भी कॉलेज, यूनिवर्सिटी, शहर और समाज के प्रति कोई कर्तव्य बनता है। इस जिज्ञासा का उत्तर हम सब को मिलकर ढूंढ़ना होगा कि हम बदले में क्या दे रहे हैं। हम अपनी भूमिका का निर्वहन ठीक से कर रहे हैं या नहीं।
शिक्षा मंत्री ने अपने कॉलेज समय को याद करते हुए कहा कि कॉलेज के तीन साल में जिंदगी को जिया जाता है। मेरी पहचान सबसे पहले आत्मा राम सनातन धर्म कॉलेज के पूर्व छात्र के रूप में है। उन्होंने कॉलेज के नाम की सार्थकता के संबंध कहा कि इस कॉलेज के साथ सनातन शब्द जुड़ा हुआ है जो प्रतीक है सत्य, शाश्वत और कर्तव्य का जो व्यक्ति और समाज को धारण करता है। वहीं स्थापना दिवस समारोह में डीयू साउथ कैंपस की निदेशक प्रो. रजनी अब्बी, कॉलेज प्राचार्य ज्ञानतोष कुमार झा, पूर्व शिक्षक और छात्र भी शामिल हुए।
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अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली सरकार के शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने कहा कि किसी भी छात्र के जीवन से उसके कॉलेज का बहुत गहरा संबंध होता है। कॉलेज से ही उसकी पहचान होती है। कॉलेज और यूनिवर्सिटी हमें बहुत कुछ देती है। यह बातें उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) के आत्मा राम सनातन धर्म कॉलेज में रविवार को 66वें स्थापना दिवस समारोह में कहीं।
उन्होंने कहा कि डिग्री मिलने के बाद बढ़िया नौकरी, गाड़ी, घर क्या यही विश्वविद्यालय का जीवन में योगदान है। हमारा भी कॉलेज, यूनिवर्सिटी, शहर और समाज के प्रति कोई कर्तव्य बनता है। इस जिज्ञासा का उत्तर हम सब को मिलकर ढूंढ़ना होगा कि हम बदले में क्या दे रहे हैं। हम अपनी भूमिका का निर्वहन ठीक से कर रहे हैं या नहीं।
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शिक्षा मंत्री ने अपने कॉलेज समय को याद करते हुए कहा कि कॉलेज के तीन साल में जिंदगी को जिया जाता है। मेरी पहचान सबसे पहले आत्मा राम सनातन धर्म कॉलेज के पूर्व छात्र के रूप में है। उन्होंने कॉलेज के नाम की सार्थकता के संबंध कहा कि इस कॉलेज के साथ सनातन शब्द जुड़ा हुआ है जो प्रतीक है सत्य, शाश्वत और कर्तव्य का जो व्यक्ति और समाज को धारण करता है। वहीं स्थापना दिवस समारोह में डीयू साउथ कैंपस की निदेशक प्रो. रजनी अब्बी, कॉलेज प्राचार्य ज्ञानतोष कुमार झा, पूर्व शिक्षक और छात्र भी शामिल हुए।
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