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Delhi NCR News: विधानसभा में विपक्ष की अनुपस्थिति पर अध्यक्ष नाराज, आतिशी को लिखा पत्र
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अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने चार विधायकों पर नियमों के तहत निलंबन की कार्रवाई की बात कही
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने विधानसभा में विपक्ष के लगातार अनुपस्थित रहने पर नाराजगी जताई है। मामले में उन्होंने नेता प्रतिपक्ष आतिशी को पत्र लिखा है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि चार विधायकों के खिलाफ नियमों के तहत ही कार्रवाई की गई है।
विधानसभा में अध्यक्ष ने कहा कि निलंबन का फैसला उपराज्यपाल के अभिभाषण के दौरान लगातार बाधा और अनुशासनहीन व्यवहार के कारण लिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष ने निलंबन के कारणों को सही ढंग से बताने के बजाय भ्रामक जानकारी फैलाने की कोशिश की। पत्र में यह भी कहा गया कि 21 मार्च की बैठक में नेता प्रतिपक्ष को सदन में मौजूद रहने और मामले को सदन पर छोड़ने की सलाह दी गई थी, लेकिन उन्होंने कार्यवाही से दूरी बनाए रखी। स्पीकर ने अपने ऊपर लगे पक्षपात के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि उनकी अध्यक्षता में सदन पहले से ज्यादा सहनशील रहा है।
निलंबित विधायक माफी मांगें : अध्यक्ष
उन्होंने निलंबित विधायकों से अपने व्यवहार पर खेद जताने और माफी मांगने की अपील की। साथ ही विपक्ष से कहा कि वे सदन से बाहर रहकर नहीं, बल्कि चर्चा में भाग लेकर जनता के मुद्दे उठाए।
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अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने विधानसभा में विपक्ष के लगातार अनुपस्थित रहने पर नाराजगी जताई है। मामले में उन्होंने नेता प्रतिपक्ष आतिशी को पत्र लिखा है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि चार विधायकों के खिलाफ नियमों के तहत ही कार्रवाई की गई है।
विधानसभा में अध्यक्ष ने कहा कि निलंबन का फैसला उपराज्यपाल के अभिभाषण के दौरान लगातार बाधा और अनुशासनहीन व्यवहार के कारण लिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष ने निलंबन के कारणों को सही ढंग से बताने के बजाय भ्रामक जानकारी फैलाने की कोशिश की। पत्र में यह भी कहा गया कि 21 मार्च की बैठक में नेता प्रतिपक्ष को सदन में मौजूद रहने और मामले को सदन पर छोड़ने की सलाह दी गई थी, लेकिन उन्होंने कार्यवाही से दूरी बनाए रखी। स्पीकर ने अपने ऊपर लगे पक्षपात के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि उनकी अध्यक्षता में सदन पहले से ज्यादा सहनशील रहा है।
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निलंबित विधायक माफी मांगें : अध्यक्ष
उन्होंने निलंबित विधायकों से अपने व्यवहार पर खेद जताने और माफी मांगने की अपील की। साथ ही विपक्ष से कहा कि वे सदन से बाहर रहकर नहीं, बल्कि चर्चा में भाग लेकर जनता के मुद्दे उठाए।
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