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कॉलोनियों और सोसाइटी में भी लावारिस कुत्तों पर लगे प्रतिबंध : विजय गोयल
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अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
पूर्व केंद्रीय मंत्री विजय गोयल ने कहा कि रेलवे स्टेशन, एयरपोर्ट, स्पोर्ट्स स्टेडियम और सरकारी संस्थानों के साथ-साथ अब रेजिडेंशियल कॉलोनियों और सोसाइटी में भी लावारिस कुत्तों पर प्रतिबंध लगे। क्योंकि कुत्तों के काटने की सबसे अधिक घटनाएं रिहायशी इलाकों से सामने आ रही हैं। इसके अलावा पब्लिक पार्कों से भी कुत्तों को हटाया जाना जरूरी है, क्योंकि गरीब बच्चों के लिए यही पार्क स्पोर्ट्स स्टेडियम होते हैं। आज बच्चे कुत्तों के डर से खेल नहीं पा रहे हैं।
उन्होंने सुप्रीम कोर्ट को बधाई देते हुए कहा कि न्यायालय इस गंभीर समस्या को संवेदनशीलता के साथ सही दिशा में ले जा रहा है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि कुछ तथाकथित एनिमल एक्टिविस्ट और डॉग फीडर सुप्रीम कोर्ट के जजों पर अनावश्यक टिप्पणियां कर रहे हैं। गोयल ने रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशनों और सामाजिक संगठनों से अपील की कि वे इस मुद्दे पर खुलकर सामने आएं। सड़कों पर कुत्तों को खाना खिलाने वालों का रिकॉर्ड रखा जाना चाहिए, ताकि भविष्य में यदि मुआवजे का प्रावधान होता है, तो उनकी भी जिम्मेदारी तय हो सके।
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नई दिल्ली।
पूर्व केंद्रीय मंत्री विजय गोयल ने कहा कि रेलवे स्टेशन, एयरपोर्ट, स्पोर्ट्स स्टेडियम और सरकारी संस्थानों के साथ-साथ अब रेजिडेंशियल कॉलोनियों और सोसाइटी में भी लावारिस कुत्तों पर प्रतिबंध लगे। क्योंकि कुत्तों के काटने की सबसे अधिक घटनाएं रिहायशी इलाकों से सामने आ रही हैं। इसके अलावा पब्लिक पार्कों से भी कुत्तों को हटाया जाना जरूरी है, क्योंकि गरीब बच्चों के लिए यही पार्क स्पोर्ट्स स्टेडियम होते हैं। आज बच्चे कुत्तों के डर से खेल नहीं पा रहे हैं।
उन्होंने सुप्रीम कोर्ट को बधाई देते हुए कहा कि न्यायालय इस गंभीर समस्या को संवेदनशीलता के साथ सही दिशा में ले जा रहा है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि कुछ तथाकथित एनिमल एक्टिविस्ट और डॉग फीडर सुप्रीम कोर्ट के जजों पर अनावश्यक टिप्पणियां कर रहे हैं। गोयल ने रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशनों और सामाजिक संगठनों से अपील की कि वे इस मुद्दे पर खुलकर सामने आएं। सड़कों पर कुत्तों को खाना खिलाने वालों का रिकॉर्ड रखा जाना चाहिए, ताकि भविष्य में यदि मुआवजे का प्रावधान होता है, तो उनकी भी जिम्मेदारी तय हो सके।
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