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पॉक्सो अदालत ने बच्ची के दुष्कर्मी को 25 साल की सजा सुनाई
Thu, 13 Feb 2020 03:30 AM IST
Mohit Mudgal
अमर उजाला नेटवर्क, मुजफ्फरनगर
अमर उजाला नेटवर्क, मुजफ्फरनगर
Published by: Mohit Mudgal
Updated Thu, 13 Feb 2020 03:30 AM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : PTI
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पांच साल की मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म के अभियुक्त को अदालत ने दोषी करार देते हुए 25 साल के कठोर कारावास और 50 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जनपद की पॉक्सो अदालत ने यह फैसला सुनाया।
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थाना खतौली पर पीड़िता के पिता ने 11 अक्तूबर 2013 को यह मुकदमा दर्ज कराया था। बताया था कि उसकी पांच वर्ष की बेटी घर के बाहर खेल रही थी। दूसरे गांव के अहमदगढ़ निवासी आरोपी रूपेश उर्फ रूपेशी पुत्र सोहनबीर ने बच्ची को अगवा कर जंगल में उसके साथ दुष्कर्म किया। इस मुकदमे की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश संजीव कुमार तिवारी की अदालत संख्या ( 8) पॉक्सो कोर्ट में हुई। विशेष लोक अभियोजक दिनेश कुमार शर्मा ने आठ गवाह कोर्ट में पेश किए। न्यायाधीश ने अभियुक्त रूपेश उर्फ रूपेशी पुत्र सोहनबीर को दोषी करार देते 25 साल के कठोर कारावास और 50 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। सजा सुनाए जाने के बाद उसे जेल भेज दिया गया।
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किशोरी को अगवा कर दुष्कर्म के मामले में अभियुक्त को दस साल की सजा
फास्ट ट्रैक कोर्ट (1) ने किशोरी का अपहरण कर दुष्कर्म करने के आरोपी युवक को दोषी करार देते हुए उसे दस साल के कठोर कारावास और 50 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माने में से आधा पीड़िता को देने के आदेश दिए हैं।
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एडीजीसी रीतू चौधरी के मुताबिक चरथावल थाने पर 16 फरवरी 2014 को पीडिता की मां ने मुकदमा दर्ज कराया था। बताया था कि उसकी नाबालिग बेटी को पांच जनवरी 2014 को नीटू पुत्र सुभी निवासी चंदेना थाना देवबंद जनपद सहारनपुर बहला फुसला कर ले गया था। उसकी बेटी नीटू के चंगुल से छूट कर 15 फरवरी 2014 को घर पहुंची। मां को सारी घटना बताते हुए कहा कि आरोपी ने उसके साथ दुष्कर्म किया है।
इस मुकदमे की सुनवाई एडीजे अंकुर शर्मा की फास्ट ट्रक कोर्ट संख्या- 1 में हुई। एडीजीसी रीतू चौधरी ने पांच गवाह कोर्ट में पेश किए। न्यायाधीश ने दोनो पक्षों को सुनते हुए अभियुक्त नीटू पुत्र सुभी निवासी चंदेना थाना देवबंद को अपहरण कर दुष्कर्म करने का दोषी करार देते हुए दस साल के सश्रम कारावास और 50 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। अभियुक्त वारदात के बाद से ही जेल में बंद है।