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दिल्ली के अस्पताल में इलाज के लिए लगाई याचिका, कोर्ट में सुनवाई से पहले मरीज की हुई मौत
Sat, 06 Jun 2020 08:24 AM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: शाहरुख खान
Updated Sat, 06 Jun 2020 08:24 AM IST
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फाइल फोटो
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दिल्ली के अस्पताल में उपचार को लेकर हाईकोर्ट में याचिका दायर करने वाली मरीज की सुनवाई से पहले ही मौत हो गई। शुक्रवार को कोर्ट में याचिका पर सुनवाई थी, लेकिन 3 जून को याचिका दायर करने के कुछ ही घंटे बाद मरीज की मौत हो गई।
बताया जा रहा है कि 80 वर्षीय मरीज 25 मई को एक निजी अस्पताल में भर्ती हुए थे। उन्हें बुखार के लक्षण थे। आरोप था कि अस्पताल में वह संक्रमित हो गए थे। इसके चलते 30 मई को उनकी कोरोना वायरस की जांच हुई और एक जून रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी।
याचिका में बताया गया कि मरीज की तबियत प्रतिदिन खराब हो रही थी। अस्पताल में वेंटिलेटर पर भर्ती मरीज को दूसरे अस्पताल में रेफर करने का दबाव बनाया जा रहा था।
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इसके चलते परिजनों ने दिल्ली एम्स, राजीव गांधी समेत कई अस्पतालों में संपर्क किया, लेकिन कहीं सुनवाई नहीं हुई। इधर, निजी अस्पताल में भी हर दिन लाखों का बिल बन रहा था, जिसके चलते फ्री उपचार की मांग को लेकर कोर्ट में याचिका दायर की थी।
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बताया जा रहा है कि 80 वर्षीय मरीज 25 मई को एक निजी अस्पताल में भर्ती हुए थे। उन्हें बुखार के लक्षण थे। आरोप था कि अस्पताल में वह संक्रमित हो गए थे। इसके चलते 30 मई को उनकी कोरोना वायरस की जांच हुई और एक जून रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी।
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याचिका में बताया गया कि मरीज की तबियत प्रतिदिन खराब हो रही थी। अस्पताल में वेंटिलेटर पर भर्ती मरीज को दूसरे अस्पताल में रेफर करने का दबाव बनाया जा रहा था।
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इसके चलते परिजनों ने दिल्ली एम्स, राजीव गांधी समेत कई अस्पतालों में संपर्क किया, लेकिन कहीं सुनवाई नहीं हुई। इधर, निजी अस्पताल में भी हर दिन लाखों का बिल बन रहा था, जिसके चलते फ्री उपचार की मांग को लेकर कोर्ट में याचिका दायर की थी।
याचिका में अपील की गई कि दिल्ली सरकार ईडब्ल्यूएस योजना के तहत मरीज का निशुल्क उपचार उपलब्ध कराए। हालांकि, इस मामले में सुनवाई से दो दिन पहले ही मरीज की मौत हो गई।