500-1000 के पुराने नोट चलाने के लिए रेलवे टिकट खरीद रहे लोग
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500-1000 रुपये चलाने के लिए लोगों ने नया-नया फंडा अपनाया। छुट्टा पैसा कराने के लिए लोग रेलवे टिकट काउंटर पर खड़े होकर आसपास के स्टेशनों का टिकट खरीद रहे हैं। इससे रेलवे की आमदनी तो जरूर बढ़ी लेकिन छुट्टा वापस करने की परेशानी बन गई है।
लोग इस लिए और परेशान हैं कि 14 नवंबर की देररात 12 बजे के बाद कोई भी 500-1000 रुपये के नोट से टिकट नहीं खरीदा जा सके गा। रेलवे बोर्ड की ओर से इस बाबत एडवाइजरी जारी कर दी गई है कि 14 नवंबर की आधीरात के बाद कोई पुराना नोट नहीं लिया जाएगा।
बता दें कि गत नौ नवंबर को ओल्ड और बल्लभगढ़ स्टेशनों से बड़ी संख्या में लोगों ने राजधानी और शताब्दी ट्रेनों का एसी फस्ट क्लास का टिकट बुक करवाया है। कईयों ने तो 60 से 80 हजार रुपये तक के टिकट बुक कराए हैं।
5 हजार से अधिक के टिकट पर पैनकार्ड अनिवार्य
रेलवे सूत्रों के मुताबिक कुछ यात्रियों ने ओल्ड स्टेशन से टिकट बुक कराया और बल्लभगढ़ में जाकर शाम को ही कैंसिल करा लिया। रेलवे अब उन यात्रियों की जांच कर रहा है कि उन्होंने किस कारण से टिकट बुक कराया और फिर उसे कैंसिल करा दिया। कहीं वह ब्लैकमनी का हिस्सा तो नहीं।
-रेलवे ने शिकंजा कसते हुए पांच हजार से अधिक राशि का टिकट बुक कराने वालों से फार्म के साथ पैनकार्ड की फोटो कापी लगाना अनिवार्य कर दिया है। इस बाबत सभी आरक्षण केंद्रों पर नोटिस चस्पा कर दिया गया है। रेलवे अधिकारी ने बताया कि पिछले चार दिनों में रेलवे की आय बढ़ी है। जबकि सामान्य दिनों में एक दिन का आंकड़ा 8 से 10 लाख रुपये के बीच होता है। अब ये आंकड़ा प्रतिदिन 12 से 15 लाख तक पहुंच गया है।
लोकल स्टेशनों के लिए भी 500 की नोट:
-अनारक्षित टिकट काउंटरों पर लोकल स्टेशनों के लिए टिकट खरीदने के लिए यात्री फुटकर रुपये देने को राजी नहीं हें। अधिकांश लोग 500 की नोट लेकर काउंटर पर खड़े रहते हैं। ऐसे में रेलकर्मियों के सामने फुटकर वापस करने की समस्या बन गई है।