पेटीएम मामला: कौन है राहुल अदाना, क्यों नहीं है एफआईआर में उसका नाम, सोनिया के परिजनों ने लगाया आरोप
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पेटीएम का मामला जितना आसान लग रहा है, उतना है नहीं। इस मामले में हर दिन एक नए किरदार सामने आ रहे हैं। बुधवार को एक और नाम चर्चा में रहा। यह नाम राहुल अदाना का है। सोनिया धवन के परिजनों का कहना है कि पेटीएम मालिक विजय शेखर एक वीडियो में डेटा लीक होने की बात बता रहे हैं। डेटा लीक करने वालों में राहुल अदाना नामक एक शख्स का भी नाम ले रहे हैं, लेकिन पुलिस ने उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज नहीं की।
वाइस प्रेसिडेंट बनने के बाद हुआ गेम
सोनिया की भाभी कंचन अबरोल का कहना है कि जब सोनिया, देवेंद्र, रूपक जैन पर मुकदमा हुआ तो राहुल को क्यों बचाया जा रहा है, जबकि राहुल का नाम तो कंपनी मालिक ही ले रहा है। आरोप है कि पुलिस पेटीएम मालिक के साथ मिलकर काम कर रही है। वहीं रोहित चोमल नामक चौथे आरोपी के बारे में परिजनों का कहना है कि यह कौन है, इसे तो सोनिया जानती तक नहीं है। इस शख्स को जल्द ही सामने लाने की मांग की गई है।
पांच करोड़ की फिरौती मांगी गई सोनिया धवन के पति रूपक जैन से
सोमवार को पेटीएम के मालिक विजय शेखर के भाई अजय शेखर की शिकायत पर कोतवाली सेक्टर-20 पुलिस ने कंपनी की वाइस प्रेसिडेंट सोनिया धवन, उसके पति रूपक जैन, कंपनी कर्मचारी देवेंद्र को गिरफ्तार कर लिया था। इन पर कंपनी का डेटा लीक करने और ब्लैकमेल कर बीस करोड़ रुपये मांगने का आरोप है। सोनिया की भाभी ने बताया कि जब से सोनिया कंपनी की वाइस प्रेसिडेंट बनी, तब से ही अजय शेखर की नजरों में वह चढ़ गई। इसके बाद ही सोनिया के खिलाफ कंपनी के अंदर एक गुट बन गया। धीरे-धीरे अजय शेखर ने अपने भाई और कंपनी के मालिक विजय शेखर को विश्वास में ले लिया और सोनिया के खिलाफ आरोप लगाकर उसे जेल भिजवा दिया।
फोन पर विजय ने कहा, टेंशन मत लो
सोमवार को जब सोनिया धवन पुलिस हिरासत में थी, तब एक पुलिस अधिकारी के फोन से सोनिया की कंपनी मालिक विजय शेखर से बात हुई थी। परिजनों ने बताया कि फोन पर विजय ने सोनिया से कहा कि टेंशन मत लो, सब ठीक हो जाएगा। मैं अजय को समझा लूंगा। मंगलवार को तुम घर आ जाओगी। जब मंगलवार को जमानत रद्द हो गई, तो पुलिस अधिकारी ने सोनिया की विजय शेखर से बात नहीं कराई।
अजय खुद थाने लेकर पहुंचा था सोनिया को
सोनिया के परिजनों का कहना है कि सोमवार को सोनिया तय वक्त पर ऑफिस गई और काम कर रही थी, तभी अचानक अजय शेखर उसके पास पहुंचे और उनसे एक मीटिंग में चलने के लिए कहा। परिजनों का कहना है कि अजय जल्दबाजी करने लगे और अपने साथ गाड़ी में बिठा लिया। करीब एक घंटे तक वह अपनी कार में घुमाते रहे और कोतवाली सेक्टर-20 लेकर पहुंच गए।
सोनिया धवन के पति रूपक जैन से 22 सितंबर को पांच करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी गई थी। अज्ञात नंबर से उसके पास फोन आया था। पुलिस ने उस वक्त एनसीआर दर्ज कर ली थी। हालांकि इसमें कोई कार्रवाई नहीं की गई। वहीं सोनिया के घरवालों ने बताया कि जिस वक्त यह धमकी आई थी, तो उस वक्त यह लगा था कि पेटीएम के एक प्रोजेक्ट का विरोध करने वालों ने धमकी दी थी। परिजन बताते हैं कि सोनिया उस वक्त एक प्रोजेक्ट पर काम कर रही थी, जिसे कई कंपनी के लोग अपने साथ लेना चाहते थे, लेकिन सोनिया की मदद से वह प्रोजेक्ट पेटीएम को मिला था।
चौथे आरोपी की तलाश जारी
पुलिस फरार चले रहे चौथे आरोपी रोहित चोमल की तलाश में जुटी हुई है। अभी तक पुलिस को उसका सुराग नहीं लग सका है। इसके लिाए पुलिस की टीम लगातार उसके ठिकानों पर दबिश दे रही है।
सोनिया व रूपक से जेल में मिले परिजन
बुधवार को सोनिया की बहन रूपाली, उसके पति व भाभी और वकील कंचन बुधवार को सोनिया और रूपक से जेल में मिले। दस मिनट का समय दिया गया था। मुलाकात के दौरान सोनिया ने बताया कि उसे बेवजह फंसाया गया है। जब तक विजय इस मामले में सामने नहीं आते, तब तक सच्चाई सामने नहीं आएगी।
जल्द गिरफ्तार होगा रोहित
इस मामले का चौथा आरोपी अभी फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीम लगी हुई है। आरोपी रोहित चोमल को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।-डॉ. अजयपाल शर्मा, एसएसपी