अब दिल्ली के इस दंगल में भी दखल देंगे केजरीवाल
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दिल्ली विश्वविद्यालय में छात्रों को होने वाली परेशानियां अब मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के दरबार में पहुंच गई है। छात्रों की विभिन्न परेशानियों से अरविंद केजरीवाल का ध्यान दिलाने के लिए अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद व दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ के एक प्रतिनिधिमंडल ने शनिवार को मुख्यमंत्री से दिल्ली सचिवालय में मुलाकात की।
मुलाकात के दौरान छात्रों ने नया कॉलेज खोले जाने, यू-स्पेशल चलाने, रुम रेंट कंट्रोल एक्ट को क्रियांवित करने की गुहार लगाई। वहीं, दिल्ली सरकार से अनुदान प्राप्त कॉलेजों में मूलभूत सुविधाओं व संसाधनों की कमी को भी उठाया गया।
एबीवीपी के दिल्ली प्रदेश मंत्री साकेत बहुगुणा ने बताया कि दिल्ली में बीते 17 सालों से एक भी नया कॉलेज नहीं खुला है जबकि छात्र लगातार यहां पढ़ने के लिए आ रहे हैं। वहीं सीटें जस की तस हैं।
यूनिवर्सिटी की समस्या लेकर पहंचे छात्र
सरकार को नए कॉलेज खोलने चाहिए जिससे कि दिल्ली देहात के सुदूर इलाकों में कॉलेजों की कमी दूर हो सके। वहीं बाहर से पढ़ने आने वाले छात्रों को मकान मालिकों केमनमाने किराए देने पर मजबूर होना पड़ता है।
इसके लिए सरकार को तुरंत रुम रेंट कंट्रोल एक्ट दिल्ली में क्रियान्वित करना चाहिए। साउथ कैंपस में डीटीसी की एक भी बस नहीं चलती है। इस रूट पर तुरंत शटल बस चलनी चाहिए।
उन्होंने अपनी मांगों केलिए 8 मांगों का एक ज्ञापन मुख्यमंत्री को सौंपा। बैठक के बाद एबीवीपी के दिल्ली प्रदेश मंत्री साकेत बहुगुणा ने कहा कि मुख्यमंत्री ने छात्रों की समस्याओं को ध्यान से सुना है।
उन्होंने नई यू-स्पेशल बस चलवाने और सुविधाओं के सुधार का आश्वासन दिया है। प्रतिनिधिमंडल में डूसू अध्यक्ष मोहित नागर समेत अन्य पदाधिकारी व एबीवीपी प्रदेश सह मंत्री सतेंदर अवाना और राष्ट्रिय कार्यकारिणी सदस्य प्रियंका छाबड़ी भी शामिल रहे।