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सरकार की ओर न ताकें युवा, खुद बनाएं रास्ता: अरुण जेटली
ब्यूरो/अमर उजाला, गुड़गांव
Updated Sun, 27 Mar 2016 08:58 AM IST
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अरुण जेटली दीक्षांत समारोह में
- फोटो : अमर उजाला
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केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा कि अब देश में एक्सीलेंसी की उम्र घट गई है। 30 वर्ष की उम्र में ही सारा एक्सीलेंस (उत्कृष्टता) युवाओं के हाथ में आ रहा है। वैज्ञानिक, वकील, बड़ी कंपनियों के सीईओ सब अब इसी उम्र के पास के हैं। मंत्री शनिवार को चंदू-बुढेरा स्थित एसजीटी यूनिवर्सिटी में आयोजित दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में हिस्सा लेने आए थे।
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युवाओं को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि एक्सीलेंसी दिखाने के लिए बुजुर्ग होने का इंतजार करने की जरूरत नहीं है। मौजूदा समय में कम उम्र में ही एक्सीलेंसी आ रही है। अगर आज युवा एक्सीलेंसी के लिए सरकार की ओर ताकेंगे तो उन्हें निराशा ही हाथ लगेगी। डिग्री लेने वाले छात्रों को तुरंत बेहतर निर्णय लेने का आह्वान करते हुए कहा कि लीक से हटकर काम करने की जरूरत है। निचले तबके पर केवल भीड़ होती है और टॉप लेवल पर एक्सीलेंस। वहां काफी जगह है।
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इस अवसर पर एसजीटी विश्वविद्यालय की स्मारिका का विमोचन भी किया गया। विश्वविद्यालय के चांसलर राम बहादुर राय एवं मैनेजिंग बोर्ड के चेयरमैन मनमोहन सिंह चावला ने दो लोगों को मानद डी.लिट की उपाधि दी।
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समाज सेवी व संकल्प फाउंडेशन के फाउंडर संतोष तनेजा को उनके ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को शिक्षा दिलाने व उन्हें विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में भाग लेने लिए प्रेरित कर उन्हें सफल बनाने और दिल्ली के डीएवी पीजी कॉलेज के पूर्व प्राचार्य डॉ. मोहन लाल को गणित के क्षेत्र में योगदान तथा डीएवी शिक्षण संस्थाओं के माध्यम से शिक्षा के क्षेत्र में दिए गए उल्लेखनीय योगदान के लिए डी. लिट की मानद उपाधि प्रदान की गई।
दीक्षांत समारोह में विश्वविद्यालय के एमडीएस, एमपीटी, एमटेक, मास्टर ऑफलॉ, बीडीएस, एमबीबीएस, पीजी पोस्ट बेसिक बीएससी नर्सिंग, बीटेक, डिप्लोमा के 350 स्नातक छात्र-छात्राओं को डिग्री प्रदान की गई तथा विभिन्न संकायों के 120 श्रेष्ठ छात्र छात्राओं को स्वर्ण पदक से सम्मानित किया गया।
इनमें एलएलएम की यशिता तनेजा, बीडीएस की असीमा अरोड़ा, एमबीबीएस की गरिमा सिवाच, बीपीटी की शिवांगी, बीएससी नर्सिंग की आंचल सिंघल समेत अन्य विद्यार्थी शामिल हैं।
इस अवसर पर विश्वविद्यालय के प्रबंधन समिति के चेयरमैन मनमोहन सिंह चावला, प्रबंधन समिति के सदस्य मधुप्रीत कौर चावला एवं दिलप्रीत सिंह चावला, प्रति कुलाधिपति डॉ. टीडी डोगरा, कुलपति डॉ. शाम लाल सिंगला, प्रति कुलपति डॉ. दलीप सिंह, रजिस्ट्रार प्रो. प्रेम सिंह, मेडिकल की संकायाध्यक्ष डॉ. महिंद्रा नागर, डेंटल के संकायाध्यक्ष डॉ. अक्षय भार्गव, फिजियोथेरेपी के संकायाध्यक्ष डॉ. जोगिंदर यादव, इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी के संकायाध्यक्ष डॉ. प्रानवीर एस. सतवत, नर्सिंग की संकायाध्यक्ष एम. चिन्नादेवी सहित अन्य संकायाध्यक्ष एवं गणमान्य लोग उपस्थित थे।
-दीक्षांत समारोह के लिए विद्यार्थी सुबह से ही तैयार थे। डिग्री पाकर छात्र खुशी से झूम उठे। गाउन कैप उछाल कर खुशी का इजहार किया। इस पल को कैद करने के लिए हर कोई ललायित था। छात्राएं सेल्फी लेने में व्यस्त रहीं। डिग्री और मेडल के साथ अपने बच्चों को देखकर अभिभावकों के चेहरे पर खुशी थी।