फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Noida News ›   website created for helping covid patients not working in gautam budh nagar

गौतमबुद्ध नगर: कोविड मरीजों की मदद के लिए बनाई गई बेवसाइट पहले ही दिन ठप, बेड के लिए भटके लोग

Wed, 28 Apr 2021 10:23 PM IST
Vikas Kumar माई सिटी रिपोर्टर, ग्रेटर नोएडा
माई सिटी रिपोर्टर, ग्रेटर नोएडा Published by: Vikas Kumar Updated Wed, 28 Apr 2021 10:23 PM IST
सार

गौतमबुद्ध नगर जिले में संक्रमण से ग्रसित मरीजों को उपचार के लिए आईसीयू के बेड नहीं मिल पाने का सिलसिला लगातार जारी है। वहीं, कोविड मरीजों की मदद के लिए जिला प्रशासन की ओर से शुरू की गई वेबसाइट पहले दिन ही ठप हो गई। 

विज्ञापन
website created for helping covid patients not working in gautam budh nagar
कोविड मरीजों की मदद के लिए बनाई गई बेवसाइट पहले ही दिन ठप - फोटो : amar ujala

विस्तार

गौतमबुद्ध नगर जिले में संक्रमण से ग्रसित मरीजों को उपचार के लिए आईसीयू के बेड नहीं मिल पाने का सिलसिला लगातार जारी है। वहीं, कोविड मरीजों की मदद के लिए जिला प्रशासन की ओर से शुरू की गई वेबसाइट पहले दिन ही ठप हो गई। इससे लोग कोविड अस्पतालों में बेड की तलाश में भटकते रहे। मरीजों के लिए आईसीयू बेड की व्यवस्था कराने के लिए जिला प्रशासन ने मंगलवार रात gbncovidtracker.in वेबसाइट शुरू की थी। इसकी मदद से किस अस्पताल में कितने बेड खाली हैं, इसकी जानकारी मिलनी थी, लेकिन शुरुआत में कुछ देर तक चलने के बाद सर्वर फेल हो गया। बुधवार पूरे दिन यही दिक्कत बनी रही। इससे लोगों को अस्पतालों के चक्कर काटने पड़े, लेकिन बेड नहीं मिला।

विज्ञापन


बेड नहीं मिला तो 5 घंटे बिना ऑक्सीजन के एंबुलेंस में पड़ा रहा
मामूरा निवासी संक्रमित बच्चन सिंह (55) नोएडा और ग्रेटर नोएडा के अस्पतालों के चक्कर काटता रहा, लेकिन बेड नसीब नहीं हुआ। पांच घंटे एंबुलेंस में बिना ऑक्सीजन के जिम्स के बाहर लेटा रहा। शाम 6 बजे जिम्स प्रशासन ने उसे भर्ती किया है। परिजनों का आरोप है कि तब तक उसकी हालत बेहद खराब हो गई थी। बच्चन सेक्टर-61 की एक कंपनी में कार्य करता है। बुधवार सुबह करीब 8 बजे हालत खराब होने पर कर्मचारी उसे लाइफ सपोर्ट एंबुलेंस से जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। यहां एंटीजन रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद उसे नोएडा कोविड अस्पताल भेजा गया, लेकिन बेड नहीं होने का हवाला देकर दूसरे अस्पताल ले जाने के लिए कहा गया। इसके बाद मरीज को सेक्टर-27 स्थित कैलाश अस्पताल ले जाया गया। वहां भी बेड नहीं मिला। वहीं, करीब 11:30 बजे एंबुलेंस में ऑक्सीजन खत्म हो गई। परिजन दोबारा जिला अस्पताल लाए, लेकिन मदद नहीं मिलने पर ग्रेटर नोएडा के जिम्स लेकर पहुंचे थे। 
विज्ञापन


समय से उपचार नहीं मिलने से गई जान
सेक्टर-122 निवासी मैरी (61) की चार दिन पहले पॉजिटिव रिपोर्ट आई थी। पति डेविड रॉबिंसन ने बताया कि अस्पतालों में भर्ती कराने का प्रयास किया, लेकिन बेड नहीं मिलने पर घर पर ही दवाएं लेने लगे। बुधवार को हालत खराब होने पर सेक्टर-33 स्थित प्रकाश अस्पताल ले गए, लेकिन आईसीयू बेड नहीं होने के कारण दूसरे अस्पताल भेज दिया गया। दोपहर में वह पत्नी को नोएडा कोविड अस्पताल लेकर पहुंचे। यहां भी आईसीयू बेड नहीं मिला। इस दौरान पत्नी की हालत बेहद खराब हुई तो अस्पताल के इमरजेंसी विभाग ने प्रयास किया, लेकिन जान नहीं बच सकी। पत्नी की मौत के बाद डेविड काफी देर तक अस्पताल के बाहर रोते रहे। 

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed