{"_id":"6884c2ec72d54ee2830a2e17","slug":"vigilance-and-awareness-is-the-real-cyber-security-additional-dcp-grnoida-news-c-23-1-lko1064-69528-2025-07-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"सतर्कता और जागरूकता ही असली साइबर सुरक्षा : एडिशनल डीसीपी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सतर्कता और जागरूकता ही असली साइबर सुरक्षा : एडिशनल डीसीपी
विज्ञापन
(साइबर सुरक्षा)
-ग्रेनो वेस्ट गौड़ सिटी-2 में आयोजित कार्यक्रम में लोगों ने साइबर स्टॉकिंग, बैंकिंग फ्रॉड और डिजिटल अरेस्ट से बचाव का तरीका सीखा
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। आज के डिजिटल दौर में सुविधाओं के साथ खतरे भी बढ़े हैं। इंटरनेट पर बढ़ती निर्भरता के चलते साइबर अपराध भी बढ़ा है। महिलाओं के खिलाफ साइबर स्टॉकिंग, बैंकिंग फ्रॉड और ‘डिजिटल अरेस्ट’जैसे अपराध तेजी से बढ़े हैं। ये बातें एडिशनल डीसीपी (महिला एवं बाल सुरक्षा) मनीषा सिंह ने कहीं। उन्होंने कहा कि सतर्कता और जागरूकता ही असली साइबर सुरक्षा है।
ग्रेनो वेस्ट की गौड़ सिटी-2 की 10 एवेन्यू संस्कृति विहार सोसाइटी में शनिवार को अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से आयोजित साइबर सुरक्षा कार्यक्रम में उन्होंने बताया कि आजकल साइबर अपराधियों के निशाने पर सबसे ज्यादा महिलाएं और बच्चे हैं। सोशल मीडिया पर फर्जी प्रोफाइल बनाकर महिलाओं को डराना-धमकाना, ब्लैकमेल करना और अश्लील मैसेज भेजकर मानसिक उत्पीड़न करना साइबर स्टॉकिंग का हिस्सा है।
उन्होंने कहा कि कई बार अपराधी खुद को पुलिस या अन्य एजेंसी का अफसर बताकर 'डिजिटल अरेस्ट' के नाम पर महिलाओं से मोटी रकम भी वसूल लेते हैं। साइबर अपराध बड़ी चुनौती है। जागरूकता ही इससे बचाव का सबसे मजबूत तरीका है। अनजान कॉल, लिंक या ईमेल पर भरोसा न करें। किसी से भी अपना ओटीपी, पासवर्ड या बैंकिंग जानकारी साझा न करें। सोशल मीडिया पर अपनी निजी जानकारी, फोटो या लोकेशन शेयर करने से भी बचें।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि साइबर ठगी की घटना के बाद पहला एक घंटा बेहद अहम होता है जिसे 'गोल्डन आवर' कहा जाता है। इस दौरान तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं। बैंक और साइबर सेल तुरंत कार्रवाई कर पैसे वापस लाने की कोशिश करते हैं। शिकायत में देरी करने से पैसा वापस मिलने की संभावना घट जाती है।
कार्यक्रम में दुष्यंत कुमार, आनंद यादव, प्रशांत श्रीवास्तव, नीलम श्रीवास्तव, डॉ. अखिलेश तिवारी, गायत्री सेठ, शुभांशी, किट्टी बग्गा, अभिलाषा, सुधीर सिन्हा, अजय लाल, प्रेम चंद, अवधेश गुप्ता, विकास पंडित, चंचल वशिष्ठ, सौरभ विकास, गौतम, धीरेश्वर सक्सेना, अकेश डाबरा, डीके त्यागी आदि मौजूद रहे।
-- --
स्वास्थ्य शिविर में निवासियों ने कराई जांंच
सोसाइटी में अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से स्वास्थ्य शिविर भी लगाया गया। इसमें थायराइड, कोलेस्ट्रॉल, बीपी, शुगर, बीएमडी की जांच की गई। सर्वोदय हॉस्पिटल के डॉक्टरों की टीम ने निवासियों के स्वास्थ्य की जांच की। 50 से अधिक लोगों ने डॉक्टर से परामर्श लिया। इस मौके पर डॉ. पवन व उनके सहयोगी नीलम, सोनू, राहुल, राहुल मौजूद रहे।
विज्ञापन
-ग्रेनो वेस्ट गौड़ सिटी-2 में आयोजित कार्यक्रम में लोगों ने साइबर स्टॉकिंग, बैंकिंग फ्रॉड और डिजिटल अरेस्ट से बचाव का तरीका सीखा
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। आज के डिजिटल दौर में सुविधाओं के साथ खतरे भी बढ़े हैं। इंटरनेट पर बढ़ती निर्भरता के चलते साइबर अपराध भी बढ़ा है। महिलाओं के खिलाफ साइबर स्टॉकिंग, बैंकिंग फ्रॉड और ‘डिजिटल अरेस्ट’जैसे अपराध तेजी से बढ़े हैं। ये बातें एडिशनल डीसीपी (महिला एवं बाल सुरक्षा) मनीषा सिंह ने कहीं। उन्होंने कहा कि सतर्कता और जागरूकता ही असली साइबर सुरक्षा है।
ग्रेनो वेस्ट की गौड़ सिटी-2 की 10 एवेन्यू संस्कृति विहार सोसाइटी में शनिवार को अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से आयोजित साइबर सुरक्षा कार्यक्रम में उन्होंने बताया कि आजकल साइबर अपराधियों के निशाने पर सबसे ज्यादा महिलाएं और बच्चे हैं। सोशल मीडिया पर फर्जी प्रोफाइल बनाकर महिलाओं को डराना-धमकाना, ब्लैकमेल करना और अश्लील मैसेज भेजकर मानसिक उत्पीड़न करना साइबर स्टॉकिंग का हिस्सा है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि कई बार अपराधी खुद को पुलिस या अन्य एजेंसी का अफसर बताकर 'डिजिटल अरेस्ट' के नाम पर महिलाओं से मोटी रकम भी वसूल लेते हैं। साइबर अपराध बड़ी चुनौती है। जागरूकता ही इससे बचाव का सबसे मजबूत तरीका है। अनजान कॉल, लिंक या ईमेल पर भरोसा न करें। किसी से भी अपना ओटीपी, पासवर्ड या बैंकिंग जानकारी साझा न करें। सोशल मीडिया पर अपनी निजी जानकारी, फोटो या लोकेशन शेयर करने से भी बचें।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि साइबर ठगी की घटना के बाद पहला एक घंटा बेहद अहम होता है जिसे 'गोल्डन आवर' कहा जाता है। इस दौरान तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं। बैंक और साइबर सेल तुरंत कार्रवाई कर पैसे वापस लाने की कोशिश करते हैं। शिकायत में देरी करने से पैसा वापस मिलने की संभावना घट जाती है।
कार्यक्रम में दुष्यंत कुमार, आनंद यादव, प्रशांत श्रीवास्तव, नीलम श्रीवास्तव, डॉ. अखिलेश तिवारी, गायत्री सेठ, शुभांशी, किट्टी बग्गा, अभिलाषा, सुधीर सिन्हा, अजय लाल, प्रेम चंद, अवधेश गुप्ता, विकास पंडित, चंचल वशिष्ठ, सौरभ विकास, गौतम, धीरेश्वर सक्सेना, अकेश डाबरा, डीके त्यागी आदि मौजूद रहे।
स्वास्थ्य शिविर में निवासियों ने कराई जांंच
सोसाइटी में अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से स्वास्थ्य शिविर भी लगाया गया। इसमें थायराइड, कोलेस्ट्रॉल, बीपी, शुगर, बीएमडी की जांच की गई। सर्वोदय हॉस्पिटल के डॉक्टरों की टीम ने निवासियों के स्वास्थ्य की जांच की। 50 से अधिक लोगों ने डॉक्टर से परामर्श लिया। इस मौके पर डॉ. पवन व उनके सहयोगी नीलम, सोनू, राहुल, राहुल मौजूद रहे।