फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Noida News ›   The fee for meeting the prisoner is Rs 10.. 700 are being charged.

Noida News: बंदी से मिलाई का शुल्क 10 रुपये.. वसूले जा रहे 700

Thu, 03 Aug 2023 12:51 AM IST
नोएडा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, नोएडा
संवाद न्यूज एजेंसी, नोएडा Updated Thu, 03 Aug 2023 12:51 AM IST
विज्ञापन
The fee for meeting the prisoner is Rs 10.. 700 are being charged.
बंदी से मिलाई का शुल्क 10 रुपये.. वसूले जा रहे 700
विज्ञापन

-पर्ची से लेकर समान पहुंचाने तक का बना रखा है एक हजार का पैकेज
- एक बंदी के परिजन ने जिलाधिकारी से की मामले की शिकायत
संवाद न्यूज एजेंसी
ग्रेटर नोएडा। गौतमबुद्धनगर स्थित लुकसर जेल में यदि आप को किसी बंदी से मिलना है तो इसके लिए आप को 10 रुपये के शुल्क की बजाय 700 रुपये तक देने पड़ सकते हैं। इसके बाद ही बंदी से मुलाकात हो पाएगी।
इतना ही नहीं कुछ कर्मचारियों ने मिलीभगत कर जिला जेल में बंदियों से मिलने के लिए पूरा पैकेज बना रखा। इसमें पर्ची बनवाने, सामान पहुंचाने और मोबाइल रखवाने एवं अलग से मुलाकात कराने के लिए एक हजार रुपये तक लिए जा रहे हैं। इस तरह के एक मामले की शिकायत एक बंदी के परिजन ने बुधवार को जिलाधिकारी कार्यालय में की है।
विज्ञापन

दरअसल, जेल में किसी भी बंदी से मुलाकात करने के लिए 10 रुपये की पर्ची कटवाई जाती है। जेल परिसर के मुहाने पर ही एक कर्मचारी को इसके लिए तैनात किया जाता है। आरोप यह कि यह कर्मी पर्ची के लिए 10 की बजाय 30 से 100 रुपये प्रति व्यक्ति ले रहा है। इसके अलावा अवैध रूप से अंदर सामान पहुंचाने, मुलाकात जाली से कराने की जगह आमने-सामने से कराने का अलग से चार्ज ले रहा है। यहां तक की मोटा चार्ज लेकर मोबाइल तक अंदर भिजवाए जा रहा हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

शिकायतकर्ता ने यह कहा:
मेरा बेटा घरेलू प्रकरण में जेल में बंद है और उससे मिलने के लिए आता रहता हूं। उससे मिलाई के एवज में हर बार 700 रुपये तक लिए गए हैं। एक बार शिकायत की, लेकिन अधिकारियों ने ध्यान नहीं दिया। अब उच्चाधिकारियों से शिकायत की है।

केपी शर्मा, गाजियाबाद।
------------
मिलाई के लिए 10 रुपये की पर्ची बनती है। अगर कर्मचारी इससे अधिक पैसा लेता है तो उसकी जांच कराई जाएगी। यहां पर सभी कार्य नियमानुसार किए जाते हैं।
अरुण प्रताप सिंह, जेल अधीक्षक।
-----------
अभी तक इस तरह की शिकायत उनके संज्ञान में नहीं आई है, फिर भी अपर जिलाधिकारी को भेजकर मामले की जांच कराई जाएगी। यदि पर्ची समेत अन्य किसी तरह के मामले में कोई अनियमितता पाई जाती है तो कार्रवाई की जाएगी।
मनीष कुमार वर्मा, जिलाधिकारी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed