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Noida News: बारिश में भी भरे जा सकेंगे सड़कों के गड्ढ़े
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-सेंट्रल रोड रिसर्च इंस्टीट्यूट ने नोएडा प्राधिकरण को भेजा रेडी मिक्स कंक्रीट का प्रस्ताव
-सीआरआरआई ने तैयार किया है इकोफिक्स तकनीक का मिश्रण
-मिश्रण में स्टील और लोहे का बुरादा भी मिलाया जा रहा
माई सिटी रिपोर्टर,
नोएडा। शहर में तीन महीने बारिश के दौरान सड़कों की मरम्मत से जुड़े कोई काम नहीं हो पाते हैं। बारिश के दौरान पहले गड्ढ़े होते हैं, जिनके बड़े होने से सड़क उखड़ती चली जाती है। फिर बारिश बंद होने तक सड़कों की हालत खस्ता हो चुकी होती है। इसके बाद नोएडा प्राधिकरण को बाद में पूरी सड़क या हिस्से विशेष की मरम्मत करवानी पड़ती है। इसको देखते हुए केंद्रीय सड़क अनुसंधान संस्थान(सीआरआरआई) ने नोएडा प्राधिकरण को रेडी मिक्स कंक्रीट के उपयोग का प्रस्ताव भेजा है। यह कंक्रीट इकोफिक्स तकनीक से संस्थान के इंजीनियरों ने तैयार किया है। इसका उपयोग बारिश के दौरान पानी से भरे गड्ढ़ों को भरने में किया जा सकता है।
नोएडा प्राधिकरण के सीईओ डॉ लोकेश एम को यह प्रस्ताव सीआरआरआई के निदेशक डॉ मनोरंजन परिड़ा ने भेजा है। इसमें बताया गया है कि संस्थान की आरएंडडी टीम ने इकोफिक्स तकनीक का रेडी मिक्स कंक्रीट मिश्रण तैयार किया है। इसमें स्टील और लोहे का बुरादा भी मिलाया जा रहा है। गड्ढ़ों में इसे डालने के बाद ऊपर से तारकोल या दूसरा मिश्रण डालने की जरूरत नहीं है। ऊपर से वाहन गुजरने पर पड़ने वाले दबाव के बाद यह गड्ढ़े में भर जाता है और सड़क की सतह तैयार हो जाती है। प्राधिकरण इंजीनियरों के मुताबिक, यह मिश्रण छोटे-छोटे झोलों में आता है। जहां पर भी गड्ढ़ा हुआ हो वहां पर झोला काट कर इसे डाल दिया जाता है। सीआरआरआई ने गड्ढ़े भरने की इस तकनीक का ट्रायल दिल्ली में पिछले दिनों दिया है। इसके साथ ही असम और कर्नाटक सरकार के साथ संस्थान करार भी कर चुका है। अब नोएडा प्राधिकरण को इस प्रस्ताव पर निर्णय लेना है।
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-सीआरआरआई ने तैयार किया है इकोफिक्स तकनीक का मिश्रण
-मिश्रण में स्टील और लोहे का बुरादा भी मिलाया जा रहा
माई सिटी रिपोर्टर,
नोएडा। शहर में तीन महीने बारिश के दौरान सड़कों की मरम्मत से जुड़े कोई काम नहीं हो पाते हैं। बारिश के दौरान पहले गड्ढ़े होते हैं, जिनके बड़े होने से सड़क उखड़ती चली जाती है। फिर बारिश बंद होने तक सड़कों की हालत खस्ता हो चुकी होती है। इसके बाद नोएडा प्राधिकरण को बाद में पूरी सड़क या हिस्से विशेष की मरम्मत करवानी पड़ती है। इसको देखते हुए केंद्रीय सड़क अनुसंधान संस्थान(सीआरआरआई) ने नोएडा प्राधिकरण को रेडी मिक्स कंक्रीट के उपयोग का प्रस्ताव भेजा है। यह कंक्रीट इकोफिक्स तकनीक से संस्थान के इंजीनियरों ने तैयार किया है। इसका उपयोग बारिश के दौरान पानी से भरे गड्ढ़ों को भरने में किया जा सकता है।
नोएडा प्राधिकरण के सीईओ डॉ लोकेश एम को यह प्रस्ताव सीआरआरआई के निदेशक डॉ मनोरंजन परिड़ा ने भेजा है। इसमें बताया गया है कि संस्थान की आरएंडडी टीम ने इकोफिक्स तकनीक का रेडी मिक्स कंक्रीट मिश्रण तैयार किया है। इसमें स्टील और लोहे का बुरादा भी मिलाया जा रहा है। गड्ढ़ों में इसे डालने के बाद ऊपर से तारकोल या दूसरा मिश्रण डालने की जरूरत नहीं है। ऊपर से वाहन गुजरने पर पड़ने वाले दबाव के बाद यह गड्ढ़े में भर जाता है और सड़क की सतह तैयार हो जाती है। प्राधिकरण इंजीनियरों के मुताबिक, यह मिश्रण छोटे-छोटे झोलों में आता है। जहां पर भी गड्ढ़ा हुआ हो वहां पर झोला काट कर इसे डाल दिया जाता है। सीआरआरआई ने गड्ढ़े भरने की इस तकनीक का ट्रायल दिल्ली में पिछले दिनों दिया है। इसके साथ ही असम और कर्नाटक सरकार के साथ संस्थान करार भी कर चुका है। अब नोएडा प्राधिकरण को इस प्रस्ताव पर निर्णय लेना है।
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