{"_id":"63e675f49f1ff0da3603fbee","slug":"fraud-on-the-pretext-of-investing-in-cryptocurrency-2023-02-10","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Noida: क्रिप्टोकरेंसी में निवेश का झांसा देकर 3.68 लाख ठगे, कहीं आप इनके अगले शिकार तो नहीं; ऐसे करें बचाव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Noida: क्रिप्टोकरेंसी में निवेश का झांसा देकर 3.68 लाख ठगे, कहीं आप इनके अगले शिकार तो नहीं; ऐसे करें बचाव
Fri, 10 Feb 2023 10:22 PM IST
विजय पुंडीर
अमर उजाला नेटवर्क, नोएडा
अमर उजाला नेटवर्क, नोएडा
Published by: विजय पुंडीर
Updated Fri, 10 Feb 2023 10:22 PM IST
सार
क्रिप्टो करेंसी रुपये, डॉलर, यूरो के समान वित्तीय लेन-देन का एक जरिया है। हालांकि क्रिप्टो करेंसी आभासी मुद्रा है जो न तो दिखाई देती है न ही आप इसे छू सकते हैं। इसे डिजिटल करेंसी भी कहते हैं। इसका पूरा कारोबार ऑनलाइन माध्यम से ही होता है।
विज्ञापन
क्रिप्टो करेंसी (सांकेतिक)
- फोटो : istock
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
साइबर जालसाजों ने क्रिप्टो करेंसी में निवेश का झांसा देकर युवक से 3.68 लाख रुपये की ठगी कर ली। सेक्टर-35 निवासी मनीष शर्मा की शिकायत पर कोतवाली सेक्टर-24 पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन
पुलिस को दी शिकायत में मनीष ने कहा है कि कुछ दिन पहले उनके पास व्हाटस एप पर एक शख्स का मैसेज आया था। जिसमें होटल में राइटर की नौकरी की जानकारी दी गई थी। साथ ही उसके एवज में ठीक ठाक पैसे मिलने का आश्वासन दिया था। इसके बाद जालसाजों ने क्रिप्टो करेंसी में निवेश कराने का झांसा दिया। टेलीग्राम एप पर उनकी बातचीत हुई। आकर्षक ऑफर वाले निवेश कराने के नाम पर ठगी शुरू कर दी। धीरे-धीरे कर 3.68 लाख रुपये की ठगी कर ली। पीड़ित ने पैसों की मांग की तो कुल दिए रकम का 30 फीसदी चार्ज के रूप में मांगा गया। जिसके बाद मनीष ने पुलिस को शिकायत दी।
विज्ञापन
क्या होती है डिजिटल करेंसी
क्रिप्टो करेंसी रुपये, डॉलर, यूरो के समान वित्तीय लेन-देन का एक जरिया है। हालांकि क्रिप्टो करेंसी आभासी मुद्रा है जो न तो दिखाई देती है न ही आप इसे छू सकते हैं। इसे डिजिटल करेंसी भी कहते हैं। इसका पूरा कारोबार ऑनलाइन माध्यम से ही होता है। जहां किसी भी देश की करेंसी के लेन-देन के बीच में एक मध्यस्थ होता है। जैसे में भारत में रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया है लेकिन क्रिप्टो में कोई मध्यस्थ नहीं होता है। इसे एक नेटवर्क द्वारा ऑनलाइन संचालित किया जाता है। इस कारण क्रिप्टो बाजार को अनियमित बाजार कहा जाता है।
विज्ञापन
ऐसे बरतें सावधानी
दोस्त का बेटा बन बुजुर्ग से एक लाख की ठगी
साइबर जालसाजों ने दोस्त का बेटा बनकर बुजुर्ग से दो बार में एक लाख रुपये की ठगी कर ली। सेक्टर-61 निवासी हरीश परमार की शिकायत पर कोतवाली सेक्टर-58 पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस को दी शिकायत में हरीश परमार ने कहा कि कुछ दिन पहले उनके पिता के पास एक युवक का फोन आया। उसने खुद को उनके दोस्त का बेटा बताया। इसके बाद बातचीत कर उन्हें झांसे में ले लिया। उसने पिता की बीमारी बताकर उनसे दो बार में एक लाख रुपये का ट्रांजैक्शन करा लिया। युवक ने दो तीन दिन में ही पैसे वापस करने की बात कही। कुछ दिन बाद जब पीडि़त ने अपने दोस्त से बात की तो फर्जीवाड़ा का पता चला। अब पुलिस मोबाइल नंबर के आधार पर मामले की जांच कर रही है।
- क्रिप्टो वॉलेट के पासवर्ड को संभाल कर रखें, पासवर्ड थोड़ा जटिल रखें।
- क्रिप्टो पासवर्ड का डबल ऑथेन्टिकेशन इस्तेमाल करें। यानि पासवर्ड को दो स्तरीय बनाएं।
- अवैध वेबसाइटों से बच कर रहें, अक्षर या अंक बदलकर सही वेबसाइटों के नाम पर साइबर जालसाज गलत इस्तेमाल कर रहे हैं।
- एंटी-वायरस सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल सुनिश्चित करें।
दोस्त का बेटा बन बुजुर्ग से एक लाख की ठगी
साइबर जालसाजों ने दोस्त का बेटा बनकर बुजुर्ग से दो बार में एक लाख रुपये की ठगी कर ली। सेक्टर-61 निवासी हरीश परमार की शिकायत पर कोतवाली सेक्टर-58 पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस को दी शिकायत में हरीश परमार ने कहा कि कुछ दिन पहले उनके पिता के पास एक युवक का फोन आया। उसने खुद को उनके दोस्त का बेटा बताया। इसके बाद बातचीत कर उन्हें झांसे में ले लिया। उसने पिता की बीमारी बताकर उनसे दो बार में एक लाख रुपये का ट्रांजैक्शन करा लिया। युवक ने दो तीन दिन में ही पैसे वापस करने की बात कही। कुछ दिन बाद जब पीडि़त ने अपने दोस्त से बात की तो फर्जीवाड़ा का पता चला। अब पुलिस मोबाइल नंबर के आधार पर मामले की जांच कर रही है।