फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Noida News ›   Encroachment in Aravalli region

अरावली की तलहटी में चल रहा अवैध निर्माण

Wed, 07 Oct 2020 11:55 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Wed, 07 Oct 2020 11:55 PM IST
विज्ञापन
Encroachment in Aravalli region
पलड़ी गांव के पास बनाया गया अवैध मकान। - फोटो : ???? ??? ?? ???? ????? ?? ??? ?????? ???????? ??? ????? ?????
नूंह(अंतराम खटाना)। क्षेत्र में अरावली की तलहटी में लंबे समय से स्थानीय लोगों द्वारा अवैध निर्माण किया जा रहा है। इस कारण पर्यावरण के साथ-साथ वन्य जीवों को भी नुकसान पहुंच रहा है। कई लोग नियमों की अनदेखी कर यहां पर पक्का मकान बना रह रहे हैं। लोगों का आरोप है कि प्रशासन उचित कार्रवाई नहीं कर रहा है।
विज्ञापन

नूंह खंड के रोजका मेव-कोटला, नगीना, नूंह से तावडू, फिरोजपुर झिरका-तिजारा सहित कई मार्ग पर लोगों ने बेखौफ अतिक्रमण किया है। यह भूमि वन विभाग के अंतर्गत आती है। विभाग ने देखभाल ने के लिए गार्ड भी तैनात किए हैं, लेकिन फिर भी कब्जे करने वालों के हौसले बुलंद हैं।
विज्ञापन

लोगों का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट के आदेशों के बावजूद अवैध निर्माण पर रोक नहीं लगाई गई है। नूंह खंड के गांव खोड़ बसई से रेहना, टपकन, माहोन, बीवा, पलड़ी, खोरी, बाई, मोहम्मदपुर, कोटला के अलावा नगीना खंड के कंसाली और फिरोजपुर झिरका के दर्जनों गांवों में अरावली की तलहटी में नियमों की अनदेखी कर लोगों ने कब्जे किए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

वन्यजीव और पर्यावरण प्रभावित :
अरावली की तलहटी में जिस तरह से कब्जे बढ़ते जा रहे हैं, इससे पर्यावरण को नुकसान पहुंच रहा है। साथ ही वन्य जीवन प्रभावित हो रहा है। यहां पर रहने वाले लोग जीव-जंतुओं का शिकार करते हैं। तिजारा रोड पर पहले कई जीव-जंतु रहते थे। शिवमंदिर के पास चीता और शेर भी दिख जाते थे, लेकिन लोगों ने यहां पर मकान बनाने शुरू कर दिए और दैनिक कार्य के लिए पेड़ों की कटाई भी शुरू कर दी। (संवाद)
इस बारे में हाल ही में जानकारी मिली है, अगर ऐसा है, तो निश्चित तौर पर कब्जे करने वालों पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। आरोपियों को बख्शा नहीं जाएगा। - विजेंद्र डीएफओ, नूंह।
पर्यावरण संरक्षक के मद्देनजर सरकार को इस ओर ध्यान देने की जरूरत है। अरावली पहाड़ियों से शुद्ध हवा के साथ-साथ हमें अन्य कई लाभ मिल रहे हैं। - गजराज लोहिया, समाजसेवी।

जिले में यह समस्या दशकों पुरानी है, सरकार के साथ स्थानीय जिला प्रशासन को गंभीरता से कार्य करने की जरूरत है। कब्जों को तुरंत यहां से हटाना चाहिए। - कमल पंवार, सरपंच इंडरी।
अनदेखी करना सरकार और प्रशासन को महंगा पड़ सकता है। कई लोगों ने अरावली की तलहटी में मकान बनाए हैं।
सरकार को उचित कार्रवाई करनी चाहिए। - मास्टर गंगादान डागर।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed