{"_id":"614e1f898ebc3effd35de250","slug":"chilla-elevated-road-work-will-start-from-next-week-noida-news-noi606585056","type":"story","status":"publish","title_hn":"अगले हफ्ते से शुरू होगा चिल्ला एलिवेटेड रोड का काम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अगले हफ्ते से शुरू होगा चिल्ला एलिवेटेड रोड का काम
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नोएडा। प्राधिकरण की बोर्ड बैठक में शुक्रवार को चिल्ला रेगुलेटर से महामाया फ्लाईओवर तक 5.96 किलोमीटर लंबे एलिवेटेड रोड का काम अगले सप्ताह से दोबारा शुरू करने का निर्णय लिया गया। फिलहाल, प्राधिकरण अपने फंड से इसका काम शुरू कराएगा। साथ ही, प्राधिकरण की ओर से लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) पर बाकी का 50 प्रतिशत फंड रिलीज कराने के लिए दबाव बनाना जारी रहेगा।
यह परियोजना प्राधिकरण और पीडब्ल्यूडी की 50-50 प्रतिशत फंडिंग से बननी है। परियोजना की लागत 605 करोड़ रुपये है। फिलहाल, प्राधिकरण ने पहले चरण में अपने हिस्से के करीब 75 करोड़ रुपये खर्च कर दिए हैं, लेकिन अब तक पीडब्ल्यूडी की ओर से कोई भी फंडिंग नहीं हुई है। प्राधिकरण और प्रदेश सरकार के बीच समझौता पत्र पर हस्ताक्षर किया गया था। काम उत्तर प्रदेश सेतु निगम लिमिटेड कर रही है। इस मामले में प्राधिकरण ने निवेश के बाद काम शुरू करा दिया, लेकिन प्रदेश सरकार की ओर से फंडिंग नहीं की गई। कई बार की बातचीत के बाद भी जब फंडिंग नहीं हुई तो प्राधिकरण ने बोर्ड को सूचित करते हुए काम बंद करा दिया। इसमें साफ-साफ कहा गया था कि जब तक दूसरी एजेंसी फंडिंग नहीं करेगी तो प्राधिकरण भी नहीं करेगा।
लाखों लोगों के हितों से जुड़ी है परियोजना
परियोजना नोएडा के अलावा दिल्ली-एनसीआर के लाखों लोगों के हितों से जुड़ी है। लिहाजा, इसे दोबारा शुरू कराने का फैसला लिया गया। चिल्ला एलिवेटेड रोड पर नौ स्थानों से चढ़ने-उतरने की सुविधा मिलेगी। इसमें 5 रैंप सेक्टर-16, 18, 14, 15 व डीएनडी से जुड़ेंगे। इसमें मुख्य प्रवेश व निकास पर तीन मुख्य रैंप होंगे। इसके अलावा एक प्रवेश मार्ग को पुल से जोड़ा जाएगा। महामाया फ्लाईओवर से 800 मीटर पहले एलिवेटेड रोड समाप्त हो जाएगा। चिल्ला रेगुलेटर से एमपी-3 रोड तक शाहदरा ड्रेन के समानांतर निर्माणाधीन एलिवेटेड रोड का पहला चरण अक्तूबर 2021 और बाकी बचा हुआ भाग दिसंबर 2021 तक पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था, लेकिन अब इसमें देरी होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
यह परियोजना प्राधिकरण और पीडब्ल्यूडी की 50-50 प्रतिशत फंडिंग से बननी है। परियोजना की लागत 605 करोड़ रुपये है। फिलहाल, प्राधिकरण ने पहले चरण में अपने हिस्से के करीब 75 करोड़ रुपये खर्च कर दिए हैं, लेकिन अब तक पीडब्ल्यूडी की ओर से कोई भी फंडिंग नहीं हुई है। प्राधिकरण और प्रदेश सरकार के बीच समझौता पत्र पर हस्ताक्षर किया गया था। काम उत्तर प्रदेश सेतु निगम लिमिटेड कर रही है। इस मामले में प्राधिकरण ने निवेश के बाद काम शुरू करा दिया, लेकिन प्रदेश सरकार की ओर से फंडिंग नहीं की गई। कई बार की बातचीत के बाद भी जब फंडिंग नहीं हुई तो प्राधिकरण ने बोर्ड को सूचित करते हुए काम बंद करा दिया। इसमें साफ-साफ कहा गया था कि जब तक दूसरी एजेंसी फंडिंग नहीं करेगी तो प्राधिकरण भी नहीं करेगा।
विज्ञापन
लाखों लोगों के हितों से जुड़ी है परियोजना
परियोजना नोएडा के अलावा दिल्ली-एनसीआर के लाखों लोगों के हितों से जुड़ी है। लिहाजा, इसे दोबारा शुरू कराने का फैसला लिया गया। चिल्ला एलिवेटेड रोड पर नौ स्थानों से चढ़ने-उतरने की सुविधा मिलेगी। इसमें 5 रैंप सेक्टर-16, 18, 14, 15 व डीएनडी से जुड़ेंगे। इसमें मुख्य प्रवेश व निकास पर तीन मुख्य रैंप होंगे। इसके अलावा एक प्रवेश मार्ग को पुल से जोड़ा जाएगा। महामाया फ्लाईओवर से 800 मीटर पहले एलिवेटेड रोड समाप्त हो जाएगा। चिल्ला रेगुलेटर से एमपी-3 रोड तक शाहदरा ड्रेन के समानांतर निर्माणाधीन एलिवेटेड रोड का पहला चरण अक्तूबर 2021 और बाकी बचा हुआ भाग दिसंबर 2021 तक पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था, लेकिन अब इसमें देरी होगी।
विज्ञापन