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Noida News: सड़क पर वाहनों के साथ घूमते पशु, हादसे का बढ़ा खतरा
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- सेक्टर-बीटा-2 की सड़कों पर वाहनों के बीच घूमते दिखे पशु, अचानक सामने आने से बढ़ रही परेशानी
संवाद न्यूज एजेंसी
ग्रेटर नोएडा। शहर में सड़कों पर घूमते आवारा पशु वाहन चालकों के लिए परेशानी का कारण बन रहे हैं। सेक्टर-बीटा-2 में सड़क पर कार और ऑटो के साथ पशुओं की आवाजाही दिखाई दे रही है। सड़क किनारे और वाहनों के पास घूमते पशुओं से हादसे का खतरा बना हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि अचानक पशु सामने आने पर वाहन चालकों को गति कम करनी पड़ती है।
सेक्टर की मुख्य सड़कों पर दिनभर कार, ऑटो और दोपहिया वाहनों की आवाजाही रहती है। ऐसे में सड़क किनारे बैठे या बीच रास्ते में घूमते पशु कभी भी यातायात के बीच आ जाते हैं। इससे वाहन चालकों को सतर्क होकर गुजरना पड़ता है। कई बार अचानक पशु के सामने आने से वाहन चालक अपना रास्ता बदलने को मजबूर हो जाते हैं। स्थानीय लोगों के मुताबिक आवारा पशुओं के कारण यातायात प्रभावित होने के साथ दोपहिया वाहन चालकों के संतुलन बिगड़ने की आशंका भी रहती है। रात के समय कम रोशनी में सड़क पर बैठे पशु आसानी से दिखाई नहीं देते, जिससे दुर्घटना का खतरा और बढ़ जाता है। लोगों ने सड़कों पर नियमित निगरानी बढ़ाने और पशुओं को यातायात के बीच आने से रोकने के लिए प्रभावी व्यवस्था करने की मांग की है। उनका कहना है कि समय रहते कार्रवाई होने से वाहन चालकों और राहगीरों को राहत मिल सकती है।
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संवाद न्यूज एजेंसी
ग्रेटर नोएडा। शहर में सड़कों पर घूमते आवारा पशु वाहन चालकों के लिए परेशानी का कारण बन रहे हैं। सेक्टर-बीटा-2 में सड़क पर कार और ऑटो के साथ पशुओं की आवाजाही दिखाई दे रही है। सड़क किनारे और वाहनों के पास घूमते पशुओं से हादसे का खतरा बना हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि अचानक पशु सामने आने पर वाहन चालकों को गति कम करनी पड़ती है।
सेक्टर की मुख्य सड़कों पर दिनभर कार, ऑटो और दोपहिया वाहनों की आवाजाही रहती है। ऐसे में सड़क किनारे बैठे या बीच रास्ते में घूमते पशु कभी भी यातायात के बीच आ जाते हैं। इससे वाहन चालकों को सतर्क होकर गुजरना पड़ता है। कई बार अचानक पशु के सामने आने से वाहन चालक अपना रास्ता बदलने को मजबूर हो जाते हैं। स्थानीय लोगों के मुताबिक आवारा पशुओं के कारण यातायात प्रभावित होने के साथ दोपहिया वाहन चालकों के संतुलन बिगड़ने की आशंका भी रहती है। रात के समय कम रोशनी में सड़क पर बैठे पशु आसानी से दिखाई नहीं देते, जिससे दुर्घटना का खतरा और बढ़ जाता है। लोगों ने सड़कों पर नियमित निगरानी बढ़ाने और पशुओं को यातायात के बीच आने से रोकने के लिए प्रभावी व्यवस्था करने की मांग की है। उनका कहना है कि समय रहते कार्रवाई होने से वाहन चालकों और राहगीरों को राहत मिल सकती है।
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