फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Noida News ›   आयकर, बिल्डरों की संपतियां नीलाम होंगी

आयकर, बिल्डरों की संपतियां नीलाम होंगी

Tue, 04 Dec 2018 11:47 PM IST
Updated Tue, 04 Dec 2018 11:47 PM IST
विज्ञापन
आयकर, बिल्डरों की संपतियां नीलाम होंगी
कानपुर व गाजियाबाद के ध्यानार्थ
विज्ञापन

फोटो
आयकर विभाग बिल्डर की
दो संपत्तियां करेगा नीलाम
टीआरओ ने नोएडा के अधिकारी के साथ मिलकर की कार्रवाई
- कंपनी पर 75 करोड़ 73 लाख रुपये का बन रहा है टैक्स
अमर उजाला ब्यूरो
नोएडा। कानपुर के आयकर अधिकारियों ने नोएडा के विभागीय अधिकारियों के साथ मिलकर मंगलवार को बिल्डर की दो संपत्तियों को अटैच कर लिया। इसका कारण बिल्डर द्वारा आयकर नहीं चुकाना है। उसकी पांच लग्जरी गाड़ियों को भी अटैच किया गया था, हालांकि कुछ समय बाद ही इन्हें रिलीज कर दिया गया। बिल्डर पर आयकर विभाग का 75 करोड़ 73 लाख रुपये बकाया है। अब संपत्ति की कीमत निर्धारित करके नीलामी की कार्रवाई की जाएगी।
कानपुर रेंज से आए टीआरओ विवेक कुमार और आयकर निरीक्षक संतोष कुमार ने नोएडा कार्यालय के टीआरओ राम अवतार और अन्य के साथ मिलकर संपत्तियां अटैच करने की कार्यवाही की। टीम ने केडीपी इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड की दो संपत्तियों को अटैच किया। इस रियल एस्टेट कंपनी के चेयरमैन केके गोयल हैं। केके गोयल गाजियाबाद के रहने वाले हैं। एक अटैच संपत्ति ग्रेटर नोएडा के टेकजोन-4 स्थित भूखंड नंबर 43 है, जो करीब 2,000 वर्गमीटर का है। दूसरी संपत्ति सूरजपुर क्षेत्र के गुलिस्तानपुर में है। यह 4,000 वर्गमीटर का भूखंड है। इसके बाद बिल्डर के मुख्यालय सेक्टर-63 डी ब्लॉक में पांच लग्जरी गाड़ियों दो फॉच्यूर्नर, मर्सिडीज, मारुति सुजुकी आदि को अटैच किया गया। इन गाड़ियों को कुछ समय बाद ही रिलीज कर दिया गया, लेकिन इन्हें बेचने व ट्रांसफर करने पर रोक लगा दी गई है।
विज्ञापन

टीआरओ विवेक कुमार ने बताया कि अब इन संपत्तियों की कीमत निर्धारित की जाएगी। फिर नीलामी की प्रक्रिया शुरू होगी। हालांकि इस बीच कर जमा करने पर संपत्तियों को वापस कर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि वर्ष 2014 में कंपनी पर छापे की कार्रवाई हुई थी। तब कंपनी में काफी अनियमितताएं मिली थीं। कंपनी पर 77 करोड़ से अधिक का कर निर्धारित किया गया था। इस बीच, कई बार नोटिस देने के बाद भी कंपनी ने एक से दो करोड़ रुपये ही कर जमा किया था। लगातार नोटिस देने के बाद भी कर जमा नहीं करने पर संपत्ति अटैच करने की कार्रवाई की गई।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed