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विश्व के बड़े हवाई अड्डों में शामिल होगा नोएडा एयरपोर्ट, 850 हेक्टेयर बढ़ा दायरा
Fri, 19 Mar 2021 05:12 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, ग्रेटर नोएडा
अमर उजाला नेटवर्क, ग्रेटर नोएडा
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Fri, 19 Mar 2021 05:12 AM IST
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नोएडा एयरपोर्ट अब विश्व के चंद सबसे बड़े एयरपोर्ट में शामिल होने जा रहा है। एयरपोर्ट का दायरा करीब 850 हेक्टेयर और बढ़ा दिया गया है। मेनटेनेंस, रिपेयर, ओवरहालिंग (एमआरओ) सेंटर का प्रस्ताव इसी बढ़े हुए एरिया के लिए बना है। इसकी जमीन खरीदने की अधिसूचना शीघ्र जारी होने जा रही है।
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दरअसल, नोएडा एयरपोर्ट तीन चरणों में बनना है। जबकि पहले चरण भी दो उपचरण है। पहले उपचरण का काम जल्द शुरू होने जा रहा है। ज्यूरिख इंटरनेशनल एयरपोर्ट कंपनी को इसका ठेका मिला है। अप्रैल में इसकी नींव रखी जा सकती है। यह 1334 हेक्टेयर में बनेगा। इसमें दो रनवे बनेंगे। जबकि दूसरे उपचरण में एक रनवे और एमआरओ सेंटर बनेगा।
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इसी उपचरण को बनाने के लिए 1365 हेक्टेयर जमीन खरीदने की तैयारी चल रही है। यूपी कैबिनेट ने मंगलवार को मंजूरी दे दी है। इस 1365 हेक्टेयर में से करीब 850 हेक्टेयर जमीन ऐसी है जो कि नोएडा एयरपोर्ट के लिए पूर्व में निर्धारित कुल एरिया (5000 हेक्टेयर) से अतिरिक्त है। यह जमीन जेवर के कुरैब गांव के आसपास स्थित है।
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इससे पहले यमुना प्राधिकरण ने सेक्टर-30 व 31 तय किया था। ये दोनों सेक्टर लॉजिस्टिक हब के रूप में विकसित किए जाने थे। इस एरिया के शामिल होने से अब नोएडा एयरपोर्ट का कुल एरिया करीब 5850 हेक्टेयर हो जाएगा। नए मास्टर प्लान (2041) में इसे शामिल कराने की प्रक्रिया भी चल रही है। यमुना प्राधिकरण और नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट लिमिटेड (नियाल) के सीईओ डॉ. अरुणवीर सिंह ने बताया कि नोएडा एयरपोर्ट का एरिया करीब 850 हेक्टेयर बढ़ाया जाएगा। एमआरओ सेंटर का काम नोएडा एयरपोर्ट के पहले चरण के साथ ही पूरा करने का लक्ष्य है। इसलिए जमीन खरीदकर शीघ्र काम शुरू कराने की कोशिश रहेगी।
कोई और बनाएगा एमआरओ सेंटर
यमुना प्राधिकरण ने दूसरे उपचरण के लिए जिस एमआरओ सेंटर का प्लान बनाया है उसे ज्यूरिख कंपनी नहीं, बल्कि कोई और विकसित करेगा। इसके लिए अलग से टेंडर निकाला जाएगा। ज्यूरिख इंटरनेशनल भी इसमें आवेदन कर सकती है। इसका ग्लोबल टेंडर निकलेगा। यह देश का सबसे बड़ा एमआरओ सेंटर होगा। फिलहाल देश का एकमात्र एमआरओ सेंटर नागपुर में बना हुआ है।
700 किसानों का विस्थापन अगले सप्ताह
नोएडा एयरपोर्ट को जमीन देने वाले 700 और किसानों को जल्द ही विस्थापित किया जाएगा। इनमें से अधिकतर किसान नंगला छीतर के हैं। इनको जेवर बांगर के पॉकेट-7 में बसाया जाएगा। इनके प्लॉटों की मार्किंग की जा रही है। 24 मार्च तक ये काम पूरा हो जाएगा। उसके तत्काल बाद जिला प्रशासन सभी इन किसानों को प्लॉट आवंटित कर देगा। सीईओ डॉ. अरुणवीर सिंह ने बताया कि सभी 700 प्लॉट 24 मार्च तक तैयार कर दिए जाएंगे।