वॉर्ड में ही बनता है डॉन का खाना, सुरक्षाकर्मी भी नहीं मिल सकते
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तिहाड़ जेल-प्रशासन छोटा राजन की सुरक्षा में किसी तरह की कोताही नहीं बरतना चाहता है। यही वजह है कि डॉन को हाई सिक्योरिटी वार्ड में रखने के बाद भी एहतियातन आसपास के वार्ड में रह रहे कैदियों को वहां से दूसरी जगह शिफ्ट कर दिया गया है।
डॉन की सुरक्षा में लगे सुरक्षाकर्मियों को भी उससे मिलने की इजाजत नहीं है। छोटा राजन की अभी तक तिहाड़ के डीजी, एआईजी, जेल संख्या दो के सुप्रीटेंडेंट और डिप्टी सुप्रीटेंडेंट की ही मुलाकात हुई है।
परिवार का कोई सदस्य अथवा कोई रिश्तेदार-दोस्त राजन से मिलने अभी तक तिहाड़ नहीं पहुंचा है। तिहाड़ सूत्रों के मुताबिक छोटा राजन को जेल संख्या दो के हाई सिक्योरिटी वार्ड में रखा गया है।
दीवार से सटे वार्ड में अब कोई भी कैदी को नहीं रखा गया
हाई सिक्योरिटी वार्ड में दस सेल हैं, इसमें सिर्फ छोटा राजन को ही रखा गया है। सुरक्षा की दृष्टि से हाई सिक्योरिटी वार्ड से सटे दूसरे वार्ड में रह रहे कैदियों को भी वहां से दूसरे वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया है।
हाई सिक्योरिटी वार्ड की दीवार से सटे वार्ड में अब कोई भी कैदी को नहीं रखा गया है। जेल महानिदेशक आलोक वर्मा ने छोटा राजन की सुरक्षा में लगे सुरक्षा कर्मियों के घर का पता और फोन नंबर अपने पास मंगवाए हैं।
डॉन की सुरक्षा में लगे कर्मियों को कहा गया है कि उन्हें इस काम में लगाया गया है इसकी जानकारी घर के सदस्यों को भी नहीं देनी है। जेल महानिदेशक ने सुरक्षाकर्मियों को भरोसा दिलाया है कि यदि जरूरत पड़ी तो उनके परिवारों को भी सुरक्षा दी जाएगी।
हाई सिक्योरिटी वार्ड में बंद छोटा राजन का खाना वहीं बनता है
हाई सिक्योरिटी वार्ड में बंद छोटा राजन का खाना वहीं बनता है। इसके लिए जेल संख्या दो में रह रहे विश्वासी सजायाफ्ता कैदी को खाना बनाने का जिम्मा दिया गया है।
खाना बनने के बाद जेल के डॉक्टर खाने की जांच करते हैं उसके बाद उसे खाना दिया जाता है। एक स्वीपर सुबह-सुबह आकर वार्ड की सफाई करता है। डॉन को जब खाना दिया जाता है उस समय कूक के साथ दो सुरक्षाकर्मी साथ जाते हैं।
लेकिन डॉन से बातचीत करने की इजाजत नहीं है। जेल संख्या दो के हाई सिक्योरिटी की हर गतिविधि पर सीसीटीवी कैमरे की नजर होती है, जिसे जेल मुख्यालय में मॉनिटर किया जाता है। जेल महानिदेशक की ओर से सुरक्षाकर्मियों को सख्त हिदायत दी गई है कि छोटा राजन से जुड़ी कोई भी खबर मीडिया में लीक न हो।