रिहायशी इलाके में मौजूद अवैध औद्योगिक यूनिटों पर NGT सख्त, जारी किया नोटिस
एनजीटी ने मामले में केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) व दिल्ली सरकार और संबंधित प्राधिकरणों को नोटिस देकर जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है।
जस्टिस जावद रहीम की अध्यक्षता वाली पीठ ने याची व दरियागंज निवासी मोहम्मद शारिक के मामले पर मंगलवार को सुनवाई की। पीठ ने मामले में सीपीसीबी व दिल्ली सरकार के अलावा दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण कमेटी, बीएसईएस यमुना पावर लिमिटेड, दिल्ली जल बोर्ड को 15 मई से पहले जवाब दाखिल करने के लिए कहा है।
याची ने ये लगाए आरोप
याची का आरोप है कि दरियागंज आवासीय इलाके में कई अवैध फैक्ट्री संचालित हो रही हैं इन पर तत्काल कार्रवाई करते हुए इन्हें सील कर देना चाहिए। याची की ओर से पेश एडवोकेट गौरव बंसल ने एनजीटी से मांग की है कि ऐसी अवैध औद्योगिक ईकाइयों के खिलाफ आपराधिक मामले चलाए जाने चाहिए।
इस संबंध में कई बार दिल्ली सरकार के अधीन कई प्राधिकरणों को पत्र भी लिखे गए लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। इन अवैध फैक्ट्रियों के पास न तो दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण कमेटी से हासिल कोई अनुमति है और न ही किसी तरह की मंजूरी।
मालूम हो कि हाल ही में एनजीटी ने दिल्ली सरकार को आदेश दिया था कि वे ऐसी अवैध औद्योगिक ईकाइयों को तत्काल बंद कराएं जो रिहायशी इलाकों में मौजूद हैं।