दिल्ली के योद्घाओं की 4 दिलचस्प कहानियां
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राजधानी दिल्ली के नेता धनबल में यूपी, हरियाणा के साथ छत्तीसगढ़ से भी नीचे हैं। दस अप्रैल को देश भर की जिन 91 सीटों पर मतदान होने वाला हैं, उसके लिए दाखिल 1391 प्रत्याशियों के शपथपत्र से यह साफ हुआ है कि हरियाणा के मुकाबले दिल्ली में दागी प्रत्याशी अधिक हैं।
हालांकि दिल्ली के 11 प्रत्याशी दस करोड़पति क्लब में शामिल हैं। एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स और नेशनल इलेक्शन वॉच ने इनके शपथपत्र के आधार पर जो आंकड़े पेश किए हैं, उसमें दिल्ली के 33 फीसदी तो यूपी के 45 फीसदी और हरियाणा के 40 फीसदी प्रत्याशी करोड़पति हैं।
दिल्ली में कांग्रेस के सभी सात प्रत्याशी करोड़पति हैं तो भाजपा व आम आदमी पार्टी के 6-6 प्रत्याशी करोड़पतियों में शामिल हैं।
100 रुपए वाले का मुकाबला 100 करोड़ वालों से
कांग्रेस के कपिल सिब्बल 114 करोड़ के साथ पहले नंबर हैं। महाबल मिश्रा 38 करोड़ के साथ दूसरे और मीनाक्षी लेखी 35 करोड़ केसाथ धनबल में तीसरे नंबर पर हैं।
वहीं नई दिल्ली से सम्यक परिवर्तन पार्टी से प्रत्याशी रामानुज पटेल दिल्ली के 150 ही नहीं बल्कि देशभर के 1391 प्रत्याशियों में सबसे कम दौलत वाले प्रत्याशी हैं। इनके पास सिर्फ एक सौ रुपये है।
करोड़पतियों से लोहा लेने मैदान में उतरे रामानुज पटेल ने हलफनामे में इतना ही कैश होने का दावा किया है।
बीजेपी की टीम में सबसे ज्यादा दागी
आपराधिक मामलों पर यदि गौर किया जाए तो दिल्ली में औसत से कम 15 फीसदी प्रत्याशी दागी हैं। रिपोर्ट के अनुसार दिल्ली के 150 में से 23 प्रत्याशी ने आपराधिक मामलों का खुलासा किया है।
इसमें पूर्वी दिल्ली से भाजपा प्रत्याशी महेश गिरी के खिलाफ चार गंभीर मामले दर्ज हैं। जबकि दूसरे नंबर पर पश्चिम दिल्ली से कांग्रेस प्रत्याशी महाबल मिश्रा व उत्तर पश्चिम दिल्ली से निर्दलीय प्रत्याशी सुनील चिकारा पर तीन-तीन गंभीर मामले हैं।
भाजपा के सात में से पांच, कांग्रेस व बसपा के दो-दो प्रत्याशी के खिलाफ मामले दर्ज हैं। वहीं आम आदमी पार्टी के सिर्फ एक प्रत्याशी पर आपराधिक मामला है।
उधारी लेने में भी बीजेपी वाले आगे
दिल्ली के उधारी वाले प्रत्याशियों में उत्तर पूर्वी दिल्ली से बीजेपी उम्मीदवार मनोज तिवारी सबसे ऊपर हैं। मनोज तिवारी के पास करीब बीस करोड़ रुपये की संपत्ति है, लेकिन साढ़े तीन करोड़ रुपये की उधारी है।
भाजपा प्रत्याशी प्रवेश साहिब सिंह पर दो करोड़, चांदनी चौक से ‘आप’ प्रत्याशी आशुतोष पर एक करोड़, पूर्वी दिल्ली से कांग्रेस प्रत्याशी संदीप दीक्षित पर 89 लाख, महाबल मिश्रा पर 87 लाख रुपये उधार हैं।
जबकि वार्षिक कमाई के मामले में भी भाजपा प्रत्याशी मीनाक्षी लेखी सालाना 3.86 करोड़ के साथ अव्वल हैं। दूसरे नंबर पर 1.06 करोड़ के साथ कपिल सिब्बल, तीसरे नंबर पर 85 लाख के साथ मनोज तिवारी हैं।
पढ़ाई-लिखाई में भी फिसड्डी
दिल्ली के चुनावी दंगल में कूदे उम्मीदवारों में से 50 फीसदी 12वीं या इससे भी कम पढे़ हैं।
150 में से 77 प्रत्याशी 12वीं या उससे कम पढ़े लिखे हैं जबकि 65 प्रत्याशी स्नातक या उससे अधिक पढ़े लिखे हैं। वहीं कुल चार प्रत्याशी अनपढ़ हैं और दो ने शपथपत्र में शिक्षा की जानकारी नहीं दी है।