एलजी के दरबार पहुंचा MAX प्रबंधन, सरकार के फैसले के खिलाफ उठाई आवाज
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शालीमार बाग स्थित मैक्स अस्पताल का लाइसेंस रद्द होने और उसे लेकर दिल्ली सरकार से फैसला वापस लेने की अपील कर रहा प्रबंधन अब एलजी के दरबार में पहुंचा है।
बुधवार को मैक्स अस्पताल प्रबंधन की ओर से एलजी अनिल बैजल के कार्यालय में पुनर्विचार की अपील की गई है। हालांकि इस पर अभी तक एलजी की ओर से कोई जवाब नहीं दिया गया है। सूत्रों की मानें तो एलजी के बाद मैक्स अस्पताल प्रबंधन के पास सिर्फ कोर्ट में फैसले को चुनौती देने का रास्ता ही बचता है।
एलजी दरबार पहुंचने की सुगबुगाहट की अमर उजाला ने मंगलवार को ही खबर प्रकाशित कर दी थी, जिसमें मैक्स अस्पताल के पास सरकार के फैसले से बचने के और भी रास्ते होने के कयास लगाए गए थे। अस्पताल प्रबंधन से जुड़े सूत्रों का कहना है कि मैक्स के पास अभी भी सरकार के फैसले को चुनौती देने के लिए करीब एक माह का वक्त है।
पुनर्विचार की अपील की गई
प्रबंधन का कहना है कि शालीमार बाग स्थित मैक्स अस्पताल में हर महीने तकरीबन 14 हजार मरीजों का उपचार ओपीडी में होता है। करीब 3 हजार मरीजों को भर्ती किया जाता है।
250 बेड वाले इस अस्पताल का लाइसेंस रद्द होने की वजह से 171 कीमोथेरेपी, 63 ऑपरेशन और 241 मरीजों के डायलिसिस पर बड़ा असर पड़ा है, इसलिए सरकार से पुनर्विचार की अपील की गई थी, लेकिन जब सुनवाई नहीं हुई तो उच्च अधिकारी यानी एलजी से अपील की गई है।