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Delhi NCR News: मानेसर की हवा खराब, एक्यूआई 201 पर पहुंचा
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कूड़ा जलाने, सड़कों पर जमा मिट्टी और निर्माण कार्यों से बढ़ रहा प्रदूषण,नगर निगम ने शुरू किया पानी का छिड़काव
संवाद न्यूज एजेंसी
मानेसर। मानेसर क्षेत्र में हवा की गुणवत्ता लगातार खराब हो रही है। पिछले कई दिनों से अलग-अलग इलाकों में कूड़े में आग लगाने की घटनाएं सामने आ रही हैं। कूड़ा जलने से निकलने वाला धुआं आसपास के वातावरण को प्रदूषित कर रहा है। इसके अलावा सड़कों के किनारे जमा मिट्टी भी वाहनों के गुजरने पर हवा में उड़ रही है, जिससे प्रदूषण बढ़ रहा है। निर्माणाधीन साइटों पर भी प्रदूषण रोकने के नियमों का पूरी तरह पालन नहीं होने से स्थिति और खराब हो रही है। निर्माण सामग्री और मिट्टी के कारण आसपास के इलाकों में धूल बढ़ रही है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़ों के अनुसार, सोमवार को मानेसर का वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 201 दर्ज किया गया। यह ऑरेंज श्रेणी में है। एक्यूआई के इस स्तर पर हवा खराब मानी जाती है और प्रदूषण का असर लोगों के स्वास्थ्य पर पड़ सकता है। बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए नगर निगम मानेसर की ओर से सड़कों पर एंटी स्मॉग गन से पानी का छिड़काव कराया जा रहा है। इसके अलावा धूल को कम करने के लिए सड़कों पर पानी का छिड़काव भी किया जा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि केवल पानी का छिड़काव करने से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा। कूड़ा जलाने और निर्माण स्थलों से फैल रहे धूल-धुएं पर भी सख्ती से रोक लगानी होगी।
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संवाद न्यूज एजेंसी
मानेसर। मानेसर क्षेत्र में हवा की गुणवत्ता लगातार खराब हो रही है। पिछले कई दिनों से अलग-अलग इलाकों में कूड़े में आग लगाने की घटनाएं सामने आ रही हैं। कूड़ा जलने से निकलने वाला धुआं आसपास के वातावरण को प्रदूषित कर रहा है। इसके अलावा सड़कों के किनारे जमा मिट्टी भी वाहनों के गुजरने पर हवा में उड़ रही है, जिससे प्रदूषण बढ़ रहा है। निर्माणाधीन साइटों पर भी प्रदूषण रोकने के नियमों का पूरी तरह पालन नहीं होने से स्थिति और खराब हो रही है। निर्माण सामग्री और मिट्टी के कारण आसपास के इलाकों में धूल बढ़ रही है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़ों के अनुसार, सोमवार को मानेसर का वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 201 दर्ज किया गया। यह ऑरेंज श्रेणी में है। एक्यूआई के इस स्तर पर हवा खराब मानी जाती है और प्रदूषण का असर लोगों के स्वास्थ्य पर पड़ सकता है। बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए नगर निगम मानेसर की ओर से सड़कों पर एंटी स्मॉग गन से पानी का छिड़काव कराया जा रहा है। इसके अलावा धूल को कम करने के लिए सड़कों पर पानी का छिड़काव भी किया जा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि केवल पानी का छिड़काव करने से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा। कूड़ा जलाने और निर्माण स्थलों से फैल रहे धूल-धुएं पर भी सख्ती से रोक लगानी होगी।