फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Kite string cut leg badly, for the first time this unique case unfolded

पतंग के मांझे से बुरी तरह कटा पैर, देश में पहली बार सामने आया ये अनोखा केस

Sat, 28 May 2016 09:20 AM IST
पवन कुमार/अमर उजाला, नई दिल्ली
पवन कुमार/अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Sat, 28 May 2016 09:20 AM IST
विज्ञापन
Kite string cut leg badly, for the first time this unique case unfolded
मांझे से कटा पैर - फोटो : अमर उजाला

यह अक्सर सुनने को मिलता है कि पतंगबाजी में इस्तेमाल होने वाला धागा खतरनाक हो सकता है। पतंगबाजी के दौरान हादसे होते रहते हैं लेकिन पतंग के मांझे वाले धागे से शरीर का कोई अंग कट कर बिल्कुल अलग भी हो सकता है। 

विज्ञापन


ऐसा एक मामला दिल्ली के एक अस्पताल में सामने आया। मरीज के इलाज के बाद केस की गंभीरता को देखते हुए चिकित्सकों ने पड़ताल की तो पता लगा कि ऐसी घटना भारत में इससे पहले कहीं दर्ज नहीं है। इसी वजह से इस केस को अनोखा मानते हुए इंडियन जर्नल ऑफ प्लास्टिक सर्जरी में जगह मिली है।
विज्ञापन


सर गंगा राम अस्पताल के प्लास्टिक सर्जरी विभाग के सीनियर कंस्लटेंट डॉ. विवेक कुमार ने बताया कि पतंगबाजी का धागा खतरनाक होता है यह सबको पता होता है लेकिन इतना खतरनाक हो सकता है, यह इस केस में देखने को मिला। पतंगबाजी के धागे से मरीज के पैर का निचला हिस्सा 20 सेमी. गुणा 4 सेमी. लंबा कट गया था। पैर का हिस्सा सिर्फ हड्डी के सहारे थोड़ा सा लटका हुआ था।

विज्ञापन
विज्ञापन

पतंगबाजी का अनोखा मामला देख डॉक्टर हुए हैरान

Kite string cut leg badly, for the first time this unique case unfolded
चिकित्सक - फोटो : Demo pic

डॉ. कुमार ने बताया कि पतंगबाजी के मेटेलिक धागे (मांझे) की वजह से मरीज के पैर की नसें और धमनियों से लेकर कई जरूरी टिश्यू पूरी तरह से कट कर अलग हो चुके थे। सिर्फ हड्डी और एक तरफ की स्कीन पैर में बच गई थी।

मरीज की रिकंस्ट्रक्टिव और प्लास्टिक सर्जरी की गई। इसके बाद इस बात की जांच की गई कि इससे पहले इस तरह का मामला रिकार्ड में है या नहीं। तब पता चला कि भारत में इससे पहले इस तरह का कोई केस रिकार्ड नहीं है।

दिल्ली के हरिनगर में रहने वाले संत लाल अनेजा (76) 1 अगस्त-2015 को सड़क पर जा रहे थे उसी दौरान एक धागा उनके पैर में फंसा। बिना देखे वह धागे को पैर से खींचते हुए आगे बढ़ गए। नतीजतन पैर का निचला हिस्सा तीन चौथाई से ज्यादा कट गया। इसके बाद इन्हें पहले दीन दयाल उपाध्याय अस्पताल और उसके बाद गंगा राम अस्पताल इलाज के लिए लाया गया था।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed