डर का सबबः 15 से 17 मार्च तक था जलसा, इसके बाद भी नहीं गए लोग
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हजरत निजामुद्दीन स्थित तब्लीगी जमात के मरकज में रोज 7 से 8 हजार लोगों का आना-जाना रहता है। इनमें देश और विदेशों से आने वाली जमात (धार्मिक टोली) के लोग शामिल होते हैं। मरकज में 15, 16 और 17 मार्च को दक्षिण-भारतीय राज्यों का जलसा था। इसमें दक्षिण भारतीय राज्यों के अलावा उत्तर भारत के कई राज्यों से 12-13 हजार लोग शामिल थे। जोड़ खत्म होने के बाद भी काफी लोग मरकज में रुके रहे। 22 मार्च को लॉकडाउन के बाद सभी यहां फंस गए। जोड़ में विदेशी जमात के लोग भी थे। सूत्रों का कहना है कि जोड़ के दौरान कोरोना संक्रमित कई लोगों ने यहां मौजूद लोगों को संक्रमित कर दिया।
निजामुद्दीन मरकज के मौलाना साजिद ने बताया कि जोड़ में आंध्र प्रदेश, ओडिशा, तेलंगाना, कर्नाटक, तमिलनाडु, केरल के अलावा कई अन्य राज्यों के लोगों ने हिस्सा लिया। जलसे में एनसीआर और आसपास के लोग भी शामिल रहे। इसके बाद कई लोग ट्रेनों और हवाई जहाज से घरों को निकल गए। मौलाना ने बताया कि पूरे साल मरकज में रोज 7 से 8 हजार लोग मौजूद रहते ही हैं। जोड़ या मशवरे के दौरान इनकी तादाद 12-13 हजार पहुंच जाती है। हर बृहस्पतिवार को मौलाना साद या अन्य का बयान सुनने के लिए दिल्ली-एनसीआर से बड़ी संख्या में लोग निजामुद्दीन मरकज में इकट्ठा होते हैं। यह सिलसिला दशकों से चला आ रहा है।
संपर्क में आए लोगों को तलाशना टेढ़ी खीर
मरकज में मिले कोरोना संक्रमित लोगों को संपर्क में आए लोगों को तलाशना टेढ़ी खीर साबित होगा। यह लगभग तय है कि 15 से 17 मार्च को हुए कार्यक्रम में पूरे देश के लोग पहुंचे थे। कोरोना संक्रमित लोगों के संपर्क में आने के बाद ये ट्रेन, हवाई जहाज और बसों से घर लौट गए। इन्होंने ट्रेन, बस और हवाई जहाज में कितने लोगों को संक्रमित किया होगा, इसका अंदाजा लगाना भी बेहद मुश्किल है। अब राज्य सरकारें अपने यहां से जमात में गए लोगों की तलाश में जुटी हैं।
जाकिर नगर वेस्ट की मस्जिद में 9 क्वारंटीन
जाकिर नगर वेस्ट स्थित मस्जिद अबू बकर सिद्दीक में कुछ जमातियों को क्वारंटीन किया गया है। स्थानीय आरडब्ल्यूए की शिकायत पर इन सभी को मस्जिद में ही रुकने को कहा गया है। आरडब्ल्यूए पदाधिकारियों का कहना है कि 22 मार्च को जब ये लोग मस्जिद में आए थे, तभी पुलिस व एसडीएम को सूचना दी गई थी। कुछ लोग 23 मार्च को चले गए। अभी 9 लोगों को मस्जिद में ही क्वारंटीन किया गया है। आरडब्ल्यूए ने इनका टेस्ट कराने की बात की है।