शाहबेरी में अवैध निर्माण को लेकर योगी सख्त, 22 पुलिसकर्मियों पर गिर सकती है गाज
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आदेश पर शाहबेरी में वर्ष अवैध निर्माण के दौरान तैनात रहे कोतवाल, चौकी इंचार्ज और बीट के सिपाही कुल 22 पुलिसकर्मियों की सूची शासन को भेज दी गई है। पुलिस के आलाधिकारियों ने वर्ष 2015 से वर्ष 2018 के दौरान तैनात रहे 22 पुलिसकर्मियों की सूची मंडलायुक्त को भेजी है, जिसे शासन को भेजा गया है। शाहबेरी में हुए बड़े स्तर पर अवैध निर्माण में प्राधिकरण और पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों पर लापरवाही का आरोप लग रहा है। माना जा रहा है कि उस दौरान तैनात रहे अधिकारियों और कर्मचारियों पर कार्रवाई हो सकती है।
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शाहबेरी मामले में कई आरोपी बिल्डरों पर अब तक कार्रवाई न होने के कारण सीएम की नाराजगी फिर से सामने आ रही है। मुख्यमंत्री मामले में हाल में भी नाराजगी जाहिर करते हुए गौतमबुद्ध नगर के अधिकारियों को कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। इसके चलते शाहबेरी में अवैध निर्माण के दौरान बिसरख कोतवाली में तैनात रहे कोतवाल समेत 22 पुलिसकर्मियों की सूची शासन को भेजी गई है। इनमें शाहबेरी से संबंधित पुलिस चौकी प्रभारी व बीट के सिपाही भी शामिल हैं। मुख्यमंत्री ने अवैध निर्माण के दौरान प्राधिकरण में तैनात रहे जिम्मेदार अधिकारियों की सूची भी मांगी थी। इसके अलावा आरोपी बिल्डरों पर एनएसए की कार्रवाई के लिए भी सीएम ने कहा था।
अब तक 65 केस दर्ज
एसपी देहात रणविजय सिंह ने बताया कि अब तक शाहबेरी प्रकरण में कुल 65 केस दर्ज किए गए हैं। इनमें हाल में ही 20 केस दर्ज किए गए हैं। ये मामले पहले एक एफआईआर में थे लेकिन अब इन्हें अलग से दर्ज किया गया है। जिनमें कुल 27 आरोपी हैं और एक की गिरफ्तारी की जा चुकी है। शेष 26 व अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए तीन टीमें गठित कर दीं गईं हैं। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा।