{"_id":"595cba4a4f1c1bea768b4666","slug":"haryana-government-to-run-100-electric-buses-in-gurugram-to-go-green","type":"story","status":"publish","title_hn":"गुरुग्राम में चलेंगी पोलैंड वाली सौ बिजली चालित बसें, घटेगा प्रदूषण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गुरुग्राम में चलेंगी पोलैंड वाली सौ बिजली चालित बसें, घटेगा प्रदूषण
ब्यूरो/अमर उजाला, गुरुग्राम
Updated Wed, 05 Jul 2017 03:37 PM IST
विज्ञापन
इलेक्ट्रिक बस
- फोटो : reuters
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हरियाणा की शहरी स्थानीय निकाय मंत्री कविता जैन ने कहा है कि पोलैंड की तर्ज पर हरियाणा सरकार वैश्विक मंच पर बड़ी पहचान रखने वाले गुरुग्राम में पर्यावरण अनुकूल परिवहन व्यवस्था स्थापित करेगी। पहले चरण में 75 से 100 बिजली चालित बसों का संचालन किया जाएगा।
विज्ञापन
पोलैंड के शहर पोजनान में मंगलवार को कविता जैन की अगुवाई में हरियाणा के प्रतिनिधिमंडल ने यूरोप की सबसे बड़ी बिजली बस निर्माता कंपनी और जेबीएम ग्रुप के संयुक्त उद्यम जेबीएम सोलारिस इलेक्ट्रिक व्हीकल्स लिमिटेड के संयंत्र का दौरा करते हुए पोलैंड के सार्वजनिक परिवहन में अप्रत्याशित बदलाव लाने वाली बिजली चालित बसों का अवलोकन किया।
विज्ञापन
जेबीएम ग्रुप के कार्यकारी निदेशक एवं कन्फेडरेशन आफ इंडियन इंडस्ट्री के हरियाणा चैप्टर के चेयरमैन निशांत आर्य व डॉ. डारिज्शु मिहालक ने शहरी स्थानीय निकाय मंत्री कविता जैन, शहरी स्थानीय निकाय के प्रधान सचिव आनंद मोहन शरण, निदेशक शेखर विद्यार्थी, मुख्य अभियंता ओपी गोयल, अधीक्षक अभियंता नगर निगम सोनीपत टीएल शर्मा को संयंत्र में बिजली चालित बसों के निर्माण और सार्वजनिक परिवहन में उनके संचालन को लेकर जानकारी दी।
विज्ञापन
जेबीएम पदाधिकारियों ने दौरे के दौरान बताया कि बिजली चालित बस आवाज और प्रदूषण मुक्त है। इसके संचालन में गैस अथवा तेल की जरूरत नहीं पड़ेगी, जिससे हरित परिवहन को बढ़ावा दिया जाएगा।
मंत्री के अनुसार इन बसों के संचालन से गुरुग्राम में औसतन 50 हजार नागरिकों को दैनिक आधार पर बेहतर सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था मिलेगी। इस दिशा में गुरुग्राम मैट्रोपोलिटन डेवलपमेंट अथारिटी, नगर निगम गुरुग्राम और एचएसआईआईडीसी क्रमश: 50, 40 एवं 10 प्रतिशत के अनुपात में खर्च वहन करेंगी।