पीके पर किया सवाल तो हरदीप पुरी बोले- कौन हैं प्रशांत किशोर? मैं नहीं जानता
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केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने दिल्ली सरकार के विकास मॉडल को झूठ का पुलिंदा करार दिया है। प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के तहत पूरे देश में एक करोड़ आवासीय इकाइयों की मंजूरी मिलने की जानकारी देते वक्त पुरी ने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल व दिल्ली सरकार के प्रदर्शन पर तीखा हमला बोला। पुरी ने कहा अपने नाम के लालच में केजरीवाल ने दिल्ली में प्रधानमंत्री आवास योजना लागू नहीं होने दी। इसे उन्होंने दिल्ली सरकार की नाकामी की नजीर बताया।
हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के तहत झुग्गी बस्तियों का सर्वे करने के लिए सितंबर 2017 में केंद्र ने दिल्ली सरकार की संस्था डुसुब को 5.83 लाख रुपये दिए। एक साल बाद दिसंबर 2018 में दिल्ली सरकार ने सर्वे करने से यह कहते हुए मना कर दिया कि मुख्यमंत्री को योजना के साथ जुड़े प्रधानमंत्री शब्द से आपत्ति है। इसकी जगह वह इसका नाम मुख्यमंत्री आवास योजना करना चाहते हैं। इसके जरिये उनकी कोशिश एक केंद्रीय योजना पर कब्जा करने की थी।
इसके बाद डीडीए ने केंद्र सरकार की जमीन पर बसी जेजे बस्ती क्लस्टर का सर्वे शुरू किया। 32 क्लस्टर का सर्वे पूरा हो गया है। इसमें से 18 की डीपीआर तैयार है। इसका जल्द ही टेंडर दिया जाएगा। वहीं, 160 क्लस्टर का सर्वे चल रहा है। अगले साल 31 जनवरी तक इसे पूरा कर लिया जाएगा, जबकि 184 जेजे क्लस्टर का सर्वे जल्द शुरू होगा। इन सबसे अगले तीन साल के अंदर दिल्ली के करीब दस लाख आबादी वाले दो लाख परिवारों को उनका अपना 12-14 लाख रुपये का मकान 1.42 लाख रुपये में मिल सकेगा। पुरी ने सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को खस्ता बताते हुए बसों में महिलाओं को मुफ्त सफर कराने की दिल्ली सरकार की योजना का भी जिक्र किया।
बिना योजना और बजट से केजरीवाल बांट रहे सर्टिफिकेट
हरदीप सिंह पुरी ने आरोप लगाया कि दिल्ली सरकार व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल लगातार जानबूझकर झूठ बोल रहे हैं। अभी पिछले दिनों उन्होंने मुख्यमंत्री आवास योजना के नाम पर जेजे क्लस्टर के लोगों को सर्वे सर्टिफिकेट बांटे, लेकिन यह योजना अभी जमीन पर नहीं है। इसके लिए बजट आदि का भी कोई इंतजाम नहीं किया गया है।
केजरीवाल की कोशिश जेजे कॉलोनी की गरीब जनता को दिल्ली चुनाव से पहले भ्रमित करने की है। वह दिल्ली चुनाव से पहले केंद्र सरकार की योजना के नाम पर अपनी पीठ थपथपाना चाहते हैं, जबकि डीडीए एक महीने के अंदर कठपुतली कॉलोनी, कालकाजी एक्सटेंशन व अशोक विहार की झुग्गी बस्तियों के लोगों को दो कमरे की 7,500 आवासीय इकाइयां सौंपने जा रहा है।
कौन प्रशांत किशोर?
दिल्ली चुनाव से पहले आम आदमी पार्टी के साथ प्रशांत किशोर के जुड़ने से संबंधित एक सवाल पर हरदीप सिंह पुरी ने उल्टा सवाल किया यह कौन हैं? प्रशांत किशोर कहां से आए हैं? बाद में उन्होंने सफाई दी कि वह वाकई में इनके बारे में कुछ नहीं जानते। दिल्ली के लोग दिल्ली के लिए इस बार वोट करेंगे।
#WATCH HS Puri, MoS Housing&Urban Affairs on 'Prashant Kishor being roped in by Aam Aadmi Party, is it giving sleepless nights to BJP?': Who is Prashant Kishor?I don't know him.There's a chap who used to work in UN,then he joined one party,then another party,then another party pic.twitter.com/3Ftm2ZIzMB
— ANI (@ANI) December 27, 2019